मधेपुरा। रामपट्टी सरस्वती मंदिर में सालभर पहले हुई लाखों की चोरी प्रकरण में मुख्य आरोपित दिलखुश चौहान को पुलिस ने मंगलवार की रात गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने नाटकीय ढंग से दिलखुश को बुढ़ावे वार्ड नंबर 15 स्थित उसके घर से गिरफ्तार किया। इस कांड के अनुसंधानकत्र्ता अनिल मल्लिक को गुप्त सूचना के आधार पर थानाध्यक्ष राजेश कुमार के नेतृत्व में छापेमारी कर गिरफ्तार किया। पुलिस को जानकारी मिली थी कि आरोपित शंकरपुर किसी रिश्तेदार के यहां आ रहा है।

सूचना मिलते ही थाना अध्यक्ष राजेश कुमार के साथ पुलिस मोबाइल टीम को लेकर उस आसपास की जगह को घेरकर पुलिस छुप कर बैठ गई। इसी दौरान पुलिस को नजर पड़ी एक बाइक से सड़क किनारे एक लड़का उतरा और वह उतर कर उस ओर आ रहा था। नजदीक आने पर जब पुलिस को भरोसा हो गया यह दिलखुश कुमार ही है। थानाध्यक्ष राजेश कुमार ने बताया अक्टूबर महीने में अपने दो साथियों के साथ दुर्गा चौक पर अपराध की योजना बना रहा था। इसकी सूचना मिलते ही पुलिस ने जब इनको घेरा उस दौरान थाने में पदस्थापित सअनि धर्मेंद्र कुमार पर इसके द्वारा गोली चला दी गई। इसमें वह बाल बाल बच गए और यह फरार हो गया। वहीं थाना इस पर और भी कई मामले लंबित है।

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