लखीसराय में सरकारी स्कूलों की बदलेगी सूरत, कायाकल्प योजना से दूर होंगी बुनियादी समस्याएं
लखीसराय जिले के सरकारी विद्यालयों में भवन, बिजली और खेल मैदान जैसी बुनियादी सुविधाओं की कमी दूर करने की तैयारी शुरू हो गई है।

बदलेगी स्कूलों की सूरत। (जागरण)
HighLights
सरकारी विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं की कमी दूर होगी।
'सेवा संकल्प अभियान' और 'कायाकल्प योजना' के तहत कार्य।
प्रधानाध्यापकों ने समस्याओं और निर्माण कार्यों के प्रस्ताव दिए।
संवाद सहयोगी, लखीसराय। जिले के सरकारी विद्यालयों में भवन, बिजली, खेल मैदान और अन्य आधारभूत सुविधाओं की कमी दूर करने की तैयारी शुरू कर दी गई है।
शिक्षा विभाग सेवा संकल्प अभियान एवं कायाकल्प योजना के तहत विद्यालयों की जरूरत के अनुसार छोटी-छोटी योजनाओं का क्रियान्वयन कराएगा।
इसी कड़ी में शुक्रवार को जिले के सभी प्रखंडों के प्रखंड संसाधन केंद्र (बीआरसी) में विशेष शिविर आयोजित किए गए। इनमें 600 से अधिक प्राथमिक, माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों ने अपने विद्यालयों की समस्याओं और आवश्यक निर्माण कार्यों से संबंधित प्रस्ताव विभागीय पोर्टल पर अपलोड कराए।
शिविरों में प्रधानाध्यापकों को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने के लिए कंप्यूटर शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति की गई थी। हलसी, लखीसराय, कजरा और सूर्यगढ़ा के बीआरसी में आयोजित शिविरों की निगरानी संबंधित पदाधिकारियों ने की।
इस दौरान वरीय शिक्षकों को भी जिम्मेदारी सौंपी गई थी। सभी प्रखंडों में बिहार आधारभूत संरचना निगम लिमिटेड के अभियंता भी मौजूद रहे।
लखीसराय में 90 से अधिक विद्यालयों ने दिए प्रस्ताव
शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के विद्यालयों की योजनाओं को पोर्टल पर अपलोड कराने के लिए शहर के महिला विद्यामंदिर उच्च विद्यालय में विशेष शिविर लगाया गया।
प्रधानाध्यापक प्रमोद कुमार प्रमोद की देखरेख में आयोजित शिविर में लखीसराय प्रखंड के कुल 101 सरकारी विद्यालयों में से 90 से अधिक विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों ने अपनी योजनाएं अपलोड कराईं।
विद्यालयों की जरूरतों के अनुसार प्रस्ताव तैयार किए गए। इनमें नए भवन का निर्माण, पुराने भवन की मरम्मत, बिजली की वायरिंग दुरुस्त करना, खेल मैदान विकसित करना और परिसर में मिट्टी भराई जैसे कार्य शामिल हैं।
इसके अलावा विद्यालय की उपलब्ध भूमि का ब्योरा और नए भवन के निर्माण के लिए जमीन की उपलब्धता से संबंधित जानकारी भी पोर्टल पर दर्ज कराई गई।
प्राक्कलन के बाद क्रियान्वयन की प्रक्रिया
विशेष शिविर में अपलोड की गई योजनाओं का बिहार आधारभूत संरचना निगम लिमिटेड के अभियंताओं की मदद से प्राक्कलन तैयार किया जाएगा।
इसके बाद जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, समग्र शिक्षा अभियान की ओर से प्रस्ताव जिला शिक्षा पदाधिकारी को भेजे जाएंगे। विभागीय प्रक्रिया पूरी होने के बाद कायाकल्प योजना के तहत चयनित योजनाओं का क्रियान्वयन कराया जाएगा।
इस पहल से विद्यालयों की वास्तविक जरूरतों के आधार पर निर्माण और मरम्मत कार्यों को प्राथमिकता देने में मदद मिलेगी। योजनाओं के चयन और क्रियान्वयन के बाद सरकारी विद्यालयों में विद्यार्थियों के लिए बेहतर शैक्षणिक वातावरण तैयार करने की दिशा में काम आगे बढ़ सकेगा।
