किशनगंज। शहर में लगातार हो चोरी की घटनाओं से एक ओर जहां शहरी के लोग परेशान है वहीं चोरों ने कई विभागीय अधिकारियों के नाक में भी दम कर रखा है। पिछले कुछ महीनों में ही चोरों ने शहरी क्षेत्र के कई मकान एवं दुकान में चोरी के साथ नगर परिषद की संपत्ति चोरी कर लाखों का चूना लगाया है। शहर में सौंदर्यीकरण के कार्य से लेकर नवनिर्मित कार्यों में लगे लोहा के सामान, मोटर, पाइप, तार, लाइट सहित कई उपकरणों को चोरों ने चुरा लिया है। चोरी हो सरे सरकारी संपत्ति को भी पुलिस अब तक खोज नहीं पाई है।

विगत फरवरी माह में धरमगंज चौक स्थित शांति नेहरू पार्क में जीर्णोद्वार कर पार्क के बीचों बीच लगे पानी के फब्बारे को शुरू किया गया था। जिसका जिलाधिकारी ने फीता काट उद्घाटन किया था। लेकिन जीर्णोद्धार के कुछ दिनों के बाद ही फुव्वारे में लगे उपकरणों की चोरी हो गयी। हद तो तब हो गयी जब चोरों ने जमीन खोदकर कीमती मोटर को भी निकाल ले गए। इस इस दौरान नगर परिषद द्वारा कोरोना काल में पार्क को बंद रखा गया था। मौके का फायदा उठाकर चोरों ने विगत कुछ महीनों में नगर परिषद को दो से तीन लाख का चुना लगाया है। पार्क में लगे मोटर की कीमत ही करीब डेढ़ लाख थी। इसके अलावे झरना में लगे छोटे- छोटे पीतल के नौजल, लोहे के उपकरण, तार व अन्य छोटे मोटे चीजों की चेारी कर ली गई है। यहां तक कि चोर दिन दहाडे पोल पर लगे स्ट्रीट लाइट को भी खोल चलते बनते है। स्थानीय लोगों द्वारा पूछे जाने पर अपने आप को विद्युत कर्मी बताकर स्ट्रीट लाइट चोरी की घटना को अंजाम दे रहा है। जिस कारण गली मोहल्ले में धीरे-धीरे अंधेरा छाते जा रहा है। कुछ दिनों पूर्व ही पार्क में चोरी कर रहे चोर करे पकड़कर पुलिस के हवाले भी किया गया। लेकिन अब तक चोरी का सामान बरामद नहीं हो पाया है। इस संबंध में कार्यपालक अभियंता दीपक कुमार ने बताया कि पार्क में चोरी का सामान तो नहीं मिला है। अभी पोल पर लगे स्ट्रीट लाइटों को ठीक करवाया जा रहा है साथ ही चोरों की गयी लाइटों की गिनती चल रही है। जल्द ही आंकडे उपलब्ध हो जाएंगे। उन खाली जगहों पर नए लाइटें लगा दी जाऐगी।

Edited By: Jagran