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जमुई पुलिस का 2200 KM दूर बड़ा ऑपरेशन! भारत-पाक सीमा से मह‍िला बरामद, राजस्थान में चुन रही थी कपास

Published: Wed, 28 Oct 2026 03:51 PM (IST)

जमुई पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए चकाई से लापता विवाहिता स्वाति कुमारी को भारत-पाकिस्तान सीमा के पास राजस्थान ...और पढ़ें

जमुई के चकाई से लापता विवाहिता भारत-पाक सीमा के पास से बरामद

जमुई के चकाई से लापता विवाहिता भारत-पाक सीमा के पास से बरामद

HighLights

  1. जमुई पुलिस ने 2200 KM दूर से महिला को बचाया।

  2. भारत-पाक सीमा के पास राजस्थान से सकुशल बरामदगी हुई।

  3. महिला को बहला-फुसलाकर कपास चुनने का काम कराया जा रहा था।

संवाद सूत्र, चंद्रमंडी (जमुई)। जमुई जिले की चकाई थाना पुलिस ने अंतरराज्यीय स्तर पर त्वरित कार्रवाई करते हुए एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। चकाई थाना क्षेत्र की रामचंद्रडीह पंचायत अंतर्गत भगोन गांव से रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हुई विवाहिता स्वाति कुमारी को पुलिस ने करीब 2,200 किलोमीटर दूर राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा के समीप से सकुशल बरामद कर लिया है।

मामले की पृष्ठभूमि के अनुसार, भगोन गांव निवासी कट्टी दास ने अपनी पुत्री के अचानक घर से गायब होने के बाद चकाई थाने में लिखित आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज कराई थी। प्रथम दृष्टया यह मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा बताया जा रहा था। पिता के आवेदन पर उत्तर प्रदेश के एक नामजद युवक के विरुद्ध केस दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया।

2200 KM दूर तक मोबाइल लोकेशन का पीछा

केस दर्ज होने के उपरांत चकाई थानाध्यक्ष सर्वजीत कुमार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तकनीकी अनुसंधान शुरू कराया। सीडीआर और मोबाइल लोकेशन के आधार पर सुराग मिलते ही एसआइ मोतीलाल साह के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम को राजस्थान रवाना किया गया।

पुलिस टीम तकनीकी साक्ष्यों का पीछा करते हुए राजस्थान के सुदूर सीमावर्ती जिले श्रीगंगानगर पहुंची। जिस इलाके से महिला की बरामदगी हुई, वह क्षेत्र भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा से चंद कदम की दूरी पर स्थित है। वहां स्थानीय रिडमलसर चौकी पुलिस के साथ संयुक्त समन्वय स्थापित कर घेराबंदी की गई और महिला को सुरक्षित अपने संरक्षण में ले लिया गया।

700 रुपये रोज पर खेतों में चुन रही थी कपास

पूछताछ और प्रारंभिक छानबीन में यह बात सामने आई कि महिला को बहला-फुसलाकर सीमावर्ती इलाके में लाया गया था। वहां उससे स्थानीय खेतों में कपास चुनने की कड़ी मजदूरी कराई जा रही थी, जिसके एवज में उसे प्रतिदिन 700 रुपये मजदूरी दी जा रही थी। चकाई पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे तत्काल उस माहौल से सुरक्षित निकाला।

कोर्ट में 163 का बयान दर्ज, सोशल मीडिया संपर्कों की जांच

महिला को सुरक्षित जमुई वापस लाने के बाद नियमानुसार उसका मेडिकल परीक्षण कराया गया और न्यायालय में धारा 163 (पूर्ववर्ती 164 सीआरपीसी) के तहत उसका गोपनीय बयान दर्ज कराया गया है।

चकाई थानाध्यक्ष सर्वजीत कुमार ने बताया कि महिला की सकुशल बरामदगी सुनिश्चित कर ली गई है। मामले में फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया मंचों के माध्यम से आरोपित युवक से हुए संपर्क और पूरे नेटवर्क के पहलुओं की गहराई से तकनीकी जांच की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कठोर कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

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