जमुई में खेत देखने गए किसान की धारदार हथियार से हत्या, दोनों पैर काटकर किए अलग
जमुई के हाबूनगर गांव में किसान अमिरक यादव की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई, अपराधियों ने उनके दोनों ...और पढ़ें

जमुई में पुराने विवाद के चलते किसान की निर्मम हत्या, धारदार हथियार से काटे पैर
HighLights
किसान अमिरक यादव की धारदार हथियार से निर्मम हत्या।
जमुई के हाबूनगर गांव में हुई यह दर्दनाक घटना।
पुराने विवाद में पांच नामजद, तीन अज्ञात पर एफआईआर।
संवाद सूत्र, अलीगंज (जमुई)। चंद्रदीप थाना क्षेत्र के हाबूनगर गांव में सोमवार की देर शाम अपराधियों ने किसान अमिरक यादव (50) की धारदार हथियार से वार कर हत्या कर दी। अपराधियों ने उनके दोनों पैर काटकर अलग कर दिए। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की।
मृतक की पत्नी शरफी देवी ने बताया कि उनके पति घर से करीब एक किलोमीटर दूर मानपुर बहियार स्थित खेत में चल रहे मोटर पंप को देखने गए थे। देर होने के बाद जब वे वापस नहीं लौटे तो वह स्वजन के साथ खेत पहुंचीं। वहां कुछ दूरी पर पति को मृत पड़ा देखकर वह बेसुध हो गईं। शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी।
वहीं, मृतक के पुत्र आदित्य कुमार ने बताया कि करीब एक वर्ष पहले उनके घर के बगल में रामसरेख यादव के खेत में उनका मवेशी खुलकर चला गया था, जिससे फसल नष्ट हो गई थी। इसको लेकर गांव में पंचायत भी हुई थी, लेकिन रामसरेख यादव के नहीं मानने पर थाने में शिकायत की गई थी।
आदित्य ने बताया कि करीब छह माह पहले रामसरेख यादव ने उनके घर पर चढ़कर गोली भी चलाई थी। इस संबंध में उनके पिता ने थाना में शिकायत की थी, लेकिन एफआइआर दर्ज नहीं हुआ था।
आदित्य ने बताया कि इसके बाद उनके पिता के साथ मारपीट और गाली-गलौज कर चंद्रदीप थाना में झूठा केस दर्ज कराने के लिए तत्कालीन थानाध्यक्ष अरविंद कुमार और एसआई कमलेश कुमार पर दबाव बनाने का आरोप लगाया गया था।
इस मामले में दोनों पुलिस पदाधिकारियों पर केस दर्ज नहीं करने और पैसे मांगने की शिकायत पुलिस अधीक्षक से की गई थी, जिसके बाद दोनों को निलंबित कर दिया गया था। इसके बाद अनुमंडलाधिकारी जमुई के स्तर से दोनों पक्षों पर धारा 107 के तहत कार्रवाई की गई थी।
आदित्य के अनुसार, पिछले अगस्त में जमुई कोर्ट में गवाही देने और जान मारने की कोशिश को लेकर साजिश रचकर रामसरेख यादव ने उनके पिता अमिरक यादव के विरुद्ध जमुई टाउन थाना में एफआइआर दर्ज कराया था। इसी को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद चल रहा था।
उन्होंने आरोप लगाया कि रामसरेख यादव को कुछ सफेदपोश और जनप्रतिनिधियों का संरक्षण प्राप्त है और वह लगातार उनके परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहा था। घटना के बाद पूरा परिवार भयभीत है। अमिरक यादव राजस्व कचहरी में मुंशी का भी काम करते थे।
पांच नामजद व तीन अज्ञात पर एफआईआर
मृतक के पुत्र के लिखित आवेदन पर चंद्रदीप थाना में मनीष शेखर उर्फ रामसरेख यादव, मनोज यादव उर्फ मन्ना, अनिल यादव, अशोक यादव और संतोष यादव सहित तीन अज्ञात के विरुद्ध एफआईआर दर्ज किया गया है।
थानाध्यक्ष दीनानाथ सिंह ने बताया कि आपसी विवाद में हत्या की घटना हुई है। पांच नामजद और तीन अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। पुलिस नामजद आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापामारी कर रही है। जल्द ही आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
