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4 दिन से अंधेरे में है जमुई का गांव, JE ने नहीं उठाया फोन, आधी रात टॉर्च लेकर झाझा पावर ग्रिड पहुंचे ग्रामीण, फ‍िर...

Published: Sat, 26 Sep 2026 01:49 AM (IST)

Jhajha Power Grid : झाझा के धपरी गांव में चार दिनों से बिजली संकट और लो-वोल्टेज से परेशान ग्रामीणों ने ...और पढ़ें

जमुई के झाझा प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत धपरी गांव में ब‍िजली संकट को लेकर अध‍िकार‍ियों से बातचीत करते ग्रामीण।

जमुई के झाझा प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत धपरी गांव में ब‍िजली संकट को लेकर अध‍िकार‍ियों से बातचीत करते ग्रामीण।

HighLights

  1. धपरी गांव में चार दिनों से बिजली संकट और लो-वोल्टेज की समस्या।

  2. जेई द्वारा फोन न उठाने पर ग्रामीणों ने आधी रात ग्रिड घेरा।

  3. ग्रामीणों के विरोध के बाद तत्काल विद्युत आपूर्ति बहाल की गई।

संवाद सूत्र, बोड़वा (जमुई)। Jhajha Power Grid  झाझा प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत धपरी गांव में पिछले चार दिनों से बिजली की लगातार जारी आंख-मिचौली और लो-वोल्टेज की समस्या से ग्रामीणों का सब्र आखिरकार शुक्रवार देर रात टूट गया। विभागीय अधिकारियों की अनदेखी और फोन न उठाने की गैर-जिम्मेदाराना कार्यशैली से क्षुब्ध होकर दर्जनों ग्रामीण हाथों में टॉर्च लेकर आधी रात को सीधे झाझा पावर ग्रिड पहुंच गए।

ग्रिड परिसर में ग्रामीणों के अचानक भारी संख्या में पहुंचने और कनीय अभियंता (JE) को खोजने से ड्यूटी पर तैनात बिजली कर्मियों के हाथ-पांव फूल गए और परिसर में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। ग्रामीणों का आरोप था कि धपरी गांव में पिछले चार दिनों से विद्युत आपूर्ति पूरी तरह चरमरा चुकी है।

धपरी बिजली संकट व ग्रिड घेराव

  • प्रभावित क्षेत्र: ग्राम- धपरी, बोड़वा, प्रखंड- झाझा (जमुई)।

  • समस्या: पिछले चार दिनों से लगातार बिजली की आंख-मिचौली और घंटों का ब्लैकआउट।

  • नाराजगी का कारण: बार-बार संपर्क करने पर भी विभागीय कनीय अभियंता (JE) द्वारा फोन न उठाना।

  • विरोध का तरीका: शुक्रवार देर रात हाथों में टॉर्च लेकर पावर ग्रिड पहुंचना और अधिकारियों की खोजबीन।

  • असर व नतीजा: ग्रिड पर ग्रामीणों के तेवर देख आनन-फानन में आपूर्ति बहाल, सुधार न होने पर आंदोलन की चेतावनी।

दिनभर में कुछ ही मिनटों के लिए बिजली आती है और फिर घंटों तक गायब हो जाती है। बिजली न रहने के कारण जहां उमस भरी गर्मी में बच्चों की पढ़ाई ठप हो गई है, वहीं पेयजल और घरेलू कामकाज के लिए लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं।

फोन काटते रहे जेई

प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने बताया कि बिजली संकट को लेकर उन्होंने कई बार विद्युत विभाग के कनीय अभियंता (JE) को कॉल कर गुहार लगाने की कोशिश की, लेकिन साहब ने फोन रिसीव करना तक गवारा नहीं समझा। लगातार चार दिनों तक शिकायत अनसुनी किए जाने के बाद जब धैर्य जवाब दे गया, तो ग्रामीण रात के अंधेरे में टॉर्च जलाकर पावर ग्रिड पहुंचे और अधिकारियों की तलाश शुरू कर दी।

Dhapri Villagers Protest Power Cuts at Jhajha Grid Supply Restored

धैर्य जवाब दिया तो आधी रात टॉर्च लेकर पहुंचे ग्रामीण

ग्रिड पहुंचे ग्रामीण सुनील यादव, वीरेंद्र यादव, प्रवीण यादव, मोहन मंडल सहित अन्य लोगों ने विभाग के कर्मियों से सीधे मिलकर अपनी तीखी नाराजगी दर्ज कराई। उन्होंने कहा कि बिजली की अनियमित आपूर्ति से गांव के छात्र-छात्राओं और वृद्धों की स्थिति बदतर हो गई है।

आंदोलन की चेतावनी पर तुरंत हरकत में आया विभाग

ग्रामीणों ने दो टूक चेतावनी दी कि यदि गांव में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित नहीं की गई और अधिकारियों का यही अड़ियल रवैया रहा, तो ग्रामीण पूरे क्षेत्र की बिजली व्यवस्था ठप कर सड़क पर उतरने और व्यापक आंदोलन करने को बाध्य होंगे।

बहाल की गई आपूर्ति

रात के सन्नाटे में ग्रामीणों के उग्र रुख और आक्रोश को भांपते हुए पावर ग्रिड में मौजूद विद्युत कर्मियों ने तुरंत तकनीकी खामी की पड़ताल की और आनन-फानन में धपरी गांव की विद्युत आपूर्ति को बहाल कराया। गांव में बिजली लौटने की पुष्टि के बाद ही ग्रामीण शांत होकर अपने घरों की ओर रवाना हुए।

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