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गोपालगंज में घूसखोर अधिकारी को राजस्व विभाग ने किया सस्पेंड, दाखिल-खारिज के लिए ली थी 6500 रुपये की रिश्वत

Published: Sat, 14 Mar 2026 04:26 PM (IST)

बरौली अंचल के राजस्व अधिकारी विजय कुमार सिंह को घूस लेते रंगे हाथ पकड़े जाने के बाद बिहार सरकार ने ...और पढ़ें

निगरानी टीम की गिरफ्त में राजस्व अधिकारी। फोटो जागरण

निगरानी टीम की गिरफ्त में राजस्व अधिकारी। फोटो जागरण

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संवाद सूत्र, बरौली (गोपालगंज)। भ्रष्टाचार के मामले में सख्त कार्रवाई करते हुए बिहार सरकार के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने बरौली अंचल के राजस्व अधिकारी विजय कुमार सिंह को निलंबित कर दिया है।

यह कार्रवाई उन्हें घूस लेते हुए निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम द्वारा रंगे हाथ गिरफ्तार किए जाने के बाद की गई है। विभाग ने इस मामले में उनके विरुद्ध विभागीय कार्रवाई भी शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार, बरौली अंचल के राजस्व पदाधिकारी विजय कुमार सिंह को निगरानी विभाग की टीम ने 13 जनवरी को 6500 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी की कार्रवाई होते ही अंचल कार्यालय में अफरा-तफरी मच गई थी।

बताया जाता है कि बरौली थाना क्षेत्र के बघेझी गांव निवासी अमरेंद्र साह पिछले तीन वर्षों से अपनी 9.30 डिसमिल जमीन की दाखिल-खारिज कराने के लिए अंचल कार्यालय का चक्कर लगा रहे थे। करीब तीन माह पहले उन्होंने इस संबंध में राजस्व अधिकारी से मिलकर दाखिल-खारिज कराने की गुहार लगाई थी।

आरोप है कि राजस्व अधिकारी ने इसके बदले 20 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की। घूस की मांग से परेशान होकर अमरेंद्र साह ने निगरानी अन्वेषण ब्यूरो से शिकायत की। शिकायत की सत्यता की जांच के बाद निगरानी टीम ने जाल बिछाया।

निगरानी टीम ने रंगेहाथ किया था गिरफ्तार

तय योजना के तहत जब अमरेंद्र साह 13 जनवरी दिन मंगलवार की सुबह दाखिल-खारिज के लिए पैसे देने अंचल कार्यालय पहुंचे और राजस्व अधिकारी विजय कुमार सिंह 6500 रुपये नकद ले रहे थे, तभी निगरानी टीम ने छापेमारी कर उन्हें रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।

इस कार्रवाई में निगरानी अधीक्षक नागेंद्र कुमार के नेतृत्व में उपाधीक्षक अमरेंद्र पांडेय, इंस्पेक्टर संतोष दुबे, एएसआई मनोज पासवान तथा कांस्टेबल अभिषेक कुमार, कुंदन कुमार और श्यामलाल सहित सात सदस्यीय टीम शामिल थी। गिरफ्तारी के बाद उन्हें विशेष न्यायालय निगरानी मुजफ्फरपुर में प्रस्तुत किया गया था।

मुख्यालय तिरहुत आयुक्त कार्यालय मुजफ्फरपुर निर्धारित, नियमित दर्ज करानी होगी उपस्थिति

इधर, मामले को गंभीरता से लेते हुए उप मुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा के निर्देश पर विभाग ने बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली 2005 के तहत विजय कुमार सिंह को निलंबित कर दिया है।

निलंबन अवधि में हिरासत से मुक्त होने के बाद उनका मुख्यालय आयुक्त कार्यालय तिरहुत प्रमंडल मुजफ्फरपुर निर्धारित किया गया है, जहां उन्हें नियमित रूप से उपस्थिति दर्ज करानी होगी। साथ ही नियमानुसार उन्हें जीवन निर्वाह भत्ता भी दिया जाएगा।

विभाग ने समाहर्ता गोपालगंज को निर्देश दिया है कि विजय कुमार सिंह के विरुद्ध निर्धारित प्रपत्र में आरोप पत्र तैयार कर आवश्यक साक्ष्यों के साथ शीघ्र विभाग को उपलब्ध कराया जाए, ताकि आगे की विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।

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