विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

गयाजी एयरपोर्ट से यात्रियों को राहत, अब सोमवार-शुक्रवार भी उड़ान भरेगी इंडिगो; दिल्ली-कोलकाता जाना हुआ आसान

Published: Fri, 02 Oct 2026 09:27 PM (IST)

गयाजी एयरपोर्ट से इंडिगो की विमान सेवा अब नियमित हो गई है, जिससे 1 सितंबर से सोमवार और शुक्रवार को भी दिल्ली-गया और गया-कोलकाता मार्ग पर उड़ानें उपलब्ध होंगी।

गया एयरपोर्ट। (जागरण)

गया एयरपोर्ट। (जागरण)

HighLights

  1. इंडिगो की गया जी एयरपोर्ट सेवा अब नियमित हुई।

  2. 1 सितंबर से सोमवार, शुक्रवार को भी उड़ानें उपलब्ध।

  3. ढुंगेश्वरी सिग्नल लाइट चोरी, एक माह से मरम्मत नहीं।

संवाद सूत्र, बोधगया। गया जी एयरपोर्ट से विमान यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए राहत की खबर है। सप्ताह में दो दिन बंद रहने वाली इंडिगो की विमान सेवा अब नियमित रूप से संचालित होगी।

एक सितंबर से इंडिगो ने सोमवार और शुक्रवार को भी अपनी उड़ान सेवा शुरू कर दी है। अब सोमवार और शुक्रवार को दिल्ली-गया और गया-कोलकाता मार्ग पर इंडिगो की विमान सेवा उपलब्ध रहेगी।

इससे इन दोनों मार्गों पर सफर करने वाले यात्रियों को काफी सहूलियत होगी और सप्ताह के सभी दिनों में विमान सेवा का विकल्प मिल सकेगा।

ढुंगेश्वरी की पहाड़ियों पर सिग्नल लाइट अब भी खराब

इधर, गया जी एयरपोर्ट के आसपास ढुंगेश्वरी की पहाड़ियों पर लगाए गए एयर ट्रैफिक सिग्नल लाइट की चोरी के करीब एक माह बाद भी नई सिग्नल लाइट नहीं लगाई जा सकी है।

इससे शाम और रात के समय ऑपरेट होने वाली विमानों के लिए रूट की पहचान को लेकर परेशानी उत्पन्न होने की बात सामने आ रही है।

बताया जाता है कि करीब एक माह पूर्व अज्ञात चोरों ने ढुंगेश्वरी की पहाड़ियों पर एयरपोर्ट के लिए लगाए गए एयर ट्रैफिक सिग्नल लाइट से बैटरी, इनवर्टर, सोलर पैनल समेत अन्य उपकरण चोरी कर लिए थे।

घटना के बाद गया जी एयरपोर्ट प्रशासन ने जिलाधिकारी और एसएसपी को आवेदन देकर मामले में कार्रवाई करने की मांग की थी।

हालांकि, एक माह बीत जाने के बाद भी अब तक न तो चोरी के मामले में कार्रवाई हो सकी है और न ही सिग्नल लाइट को दोबारा लगाया गया है।

इस संबंध में गया जी एयरपोर्ट के कार्यवाहक निदेशक अवधेश कुमार ने बताया कि सिग्नल लाइट के मामले में जिलाधिकारी से बात की जाएगी। सोमवार को बैठक कर एयर ट्रैफिक सिग्नल लाइट को दोबारा लगाने के संबंध में निर्णय लिया जाएगा।

यह भी पढ़ें- सात समंदर पार से गयाजी पहुंचे पिंडदानी, विदेशी महिलाओं ने वैदिक मंत्रों के बीच किया पिंडदान