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रामकुमार सिंह हत्याकांड: मुख्य आरोपित चंदन सिंह समेत दो दमदम एयरपोर्ट से गिरफ्तार

Published: Mon, 19 Oct 2026 12:30 PM (IST)

सेवानिवृत्त कस्टम अधिकारी रामकुमार सिंह हत्याकांड में भोजपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मुख्य आरोपित चंदन सिंह और उसके ...और पढ़ें

रामकुमार सिंह हत्याकांड में मुख्य आरोपी चंदन गिरफ्तार

रामकुमार सिंह हत्याकांड में मुख्य आरोपी चंदन गिरफ्तार

HighLights

  1. रामकुमार सिंह हत्याकांड का मुख्य आरोपित चंदन सिंह गिरफ्तार।

  2. दमदम एयरपोर्ट से साथी अभिषेक यादव के साथ पकड़ा गया।

  3. भोजपुर पुलिस ने कोलकाता पुलिस की मदद से की कार्रवाई।

जागरण संवाददाता, आरा(भोजपुर)। सेवानिवृत्त कस्टम अधिकारी और क्षत्रिय कल्याण संगठन के अध्यक्ष रामकुमार सिंह हत्याकांड में भोजपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस की विशेष टीम ने कांड के मुख्य आरोपित चंदन सिंह और उसके साथी अभिषेक यादव को पश्चिम बंगाल के दमदम एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया है। भोजपुर के एसपी अवधेश दीक्षित के नेतृत्व में टीम ने कोलकाता पुलिस की मदद से यह कार्रवाई की। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपितों से गहन पूछताछ की जा रही है।

बड़की सिंगही गांव का निवासी है मुख्य आरोपित

गिरफ्तार मुख्य आरोपित चंदन सिंह भोजपुर जिले के टाउन थाना क्षेत्र के बड़की सिंगही गांव का निवासी है। इस मामले में इससे पहले आरोपित मनोज सिंह उर्फ लक्की को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।

पुलिस अब चंदन सिंह और अभिषेक यादव से पूछताछ कर हत्याकांड की साजिश और अन्य संभावित संलिप्त लोगों के बारे में जानकारी जुटाने में लगी है।

15 अक्टूबर को कनकपुरी मोहल्ले में हुई थी हत्या

सेवानिवृत्त कस्टम अधिकारी रामकुमार सिंह की हत्या 15 अक्टूबर की सुबह आरा के कनकपुरी मोहल्ले में कर दी गई थी। वारदात के बाद से ही पुलिस की विशेष टीम आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच तेज कर दी थी।

सीसीटीवी और तकनीकी साक्ष्यों से तलाश

हत्याकांड की जांच के दौरान पुलिस सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर संदिग्धों की गतिविधियों का पता लगा रही थी।

आरोपितों की तलाश में पुलिस टीम को पश्चिम बंगाल से लेकर सिक्किम तक अभियान चलाना पड़ा। इस कार्रवाई में पटना एसटीएफ की भी मदद ली जा रही थी। आखिरकार कोलकाता पुलिस के सहयोग से दोनों आरोपितों को दमदम एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया।

पांच लाख रुपये की निकासी की जांच

अनुसंधान के दौरान हत्या से पहले एक मुख्य आरोपित के बैंक खाते से पांच लाख रुपये निकाले जाने की जानकारी सामने आई थी। पुलिस इस निकासी को हत्याकांड की संभावित साजिश से जोड़कर जांच कर रही है।

हालांकि, रुपये निकालने के उद्देश्य और उनके इस्तेमाल के संबंध में अभी अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है। पुलिस इन बिंदुओं की पुष्टि साक्ष्यों के आधार पर कर रही है।

नए मोबाइल और सिम कार्ड की खरीद भी जांच के घेरे में

पुलिस को वारदात से पहले नए मोबाइल फोन और सिम कार्ड खरीदे जाने की जानकारी भी मिली है। जांच टीम यह पता लगाने में जुटी है कि इनका इस्तेमाल किन लोगों ने किया और हत्या से पहले व बाद में किन मोबाइल नंबरों के बीच बातचीत हुई थी।

इन जानकारियों के आधार पर आरोपितों की गतिविधियों और आपसी संपर्कों की कड़ियां जोड़ने की कोशिश की जा रही है।

पेशेवर शूटरों की भूमिका की भी पड़ताल

हत्याकांड में पेशेवर शूटरों के इस्तेमाल की आशंका को देखते हुए पुलिस उनके संभावित संपर्कों और आर्थिक लेन-देन की भी जांच कर रही है।

चंदन सिंह और अभिषेक यादव की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को मामले की साजिश से जुड़े अन्य पहलुओं पर अहम जानकारी मिलने की उम्मीद है।

फिलहाल दोनों से पूछताछ जारी है और जांच पूरी होने के बाद ही हत्याकांड से जुड़े सभी तथ्यों की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी।

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