आरा: भोजपुर जिले के तरारी थाना क्षेत्र अन्तर्गत नोनार पुल के पास बक्सर जिला निवासी बंधन बैंक के कर्मी विजय कुमार प्रसाद की गोली मारकर हत्या किए जाने के मामले का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। कांड में संलिप्त मास्टर माइंड समेत चार अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और कांड में प्रयुक्त देसी पिस्टल, खोखा के अलावा गोली व बाइक को भी जब्त कर लिया गया है। निशानदेही पर छीना गया काला रंग का बैग भी बरामद हो गया है। इसकी जानकारी शनिवार को एसपी विनय तिवारी ने प्रेस वार्ता में दी। उन्होंने बताया कि इस मामले में तरारी के ही सेदहां गांव निवासी मास्टर माइंड धनजी यादव, अमित कुमार, रोहित कुमार व राकेश कुमार को गिरफ्तार किया गया है। कांड का स्पीडी ट्रायल कराया जाएगा।

एसपी ने बताया कि बक्सर जिले के ब्रह्मपुर थाना के पोखराहा- रघुनाथपुर गांव निवासी बैंक कर्मी विजय कुमार प्रसाद बंधन बैंक के पीरो शाखा में कार्यरत थे। रोज की तरह चार जनवरी की सुबह भी भड़सर व सेदहां गांव से कलेक्शन कर वापस लौट रहा थे। इस बीच पीरो -सेदहां पथ पर नोनार पुल के समीप अपराधियों ने लूटपाट के दौरान बैंक कर्मी की गोली मारकर हत्या कर दी थी। साथ ही बैंककर्मी के पास बैग व टैब छीनकर फरार हो गए थे। अपराधियों को अनुमान था कि कलेक्शन का सारा पैसा बैग में होगा, इसलिए छीना था। लेकिन, बैंक कर्मी ने कलेक्शन का करीब 45 हजार रुपये जेब में रखे थे। जिससे बच गया था। घटनास्थल से पुलिस को बाइक, चाबी व एक खोखा मिला था। कांड के उद्भेदन के लिए पीरो डीएसपी राहुल सिंह के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया था।

धनजी के जरिए गैंग तक पहुंची पुलिस, राकेश ने किया था लाइनर का काम

एसपी ने बताया कि कांड के बाद सूचना संकलन व वैज्ञानिक अनुसंधान के जरिए पुलिस को क्लू मिला। जिसके बाद पहले धनजी यादव को उठाया गया। पूछताछ में उसने अपने साथियों के भी नाम बताए। इसके सहयोगियों अमित कुमार,रोहित कुमार व राकेश कुमार सिंह को उठाया गया। निशानेदही पर कांड में प्रयुक्त देसी कट्टा, गोली व बाइक जब्त की गई। इसके अलावा बैग भी बरामद किया गया। धनजी यादव पूर्व में शराब के केस में जेल गया था। जमानत पर छूटकर बाहर आया था। टीम में पीरो डीएसपी राहुल सिंह के अलावा तरारी थानाध्यक्ष विजय प्रसाद, डीआईयू दारोगा सुदेह कुमार, राजीव रंजन व सिपाही मिथलेश की भूमिका सराहनीय रही है।

पहचान होने के चलते बैंककर्मी को टपकाया था अपराधियों ने : एसपी ने बताया कि अपराधियों का मुख्य उद्देश्य सिर्फ बैंककर्मी से लूटपाट करना था। घटना के दिन लूटपाट के क्रम में बैंककर्मी ने सेदहां गांव के युवकों को पहचान लिया था। ऐसे में साक्ष्य मिटाने की नीयत से बैंक कर्मी की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस तरह की घटना आरा के अहिरपुरवा निवासी किराना व्यवसायी महादेव प्रसाद के साथ भी घटित हुई थी। एसपी ने अपील कि की अगर किसी के साथ राह चलते इस तरह की घटना हो तो अपराधियों को पहचानने के बावजूद उन्हें अभास होने नहीं दें कि आप उन्हें जानते हैं।

Edited By: Jagran