अहमदाबाद–पटना Amrit Bharat Train का परिचालन शुरू, DDU Junction के बाद सीधे पटना; आरा में नाराजगी
अहमदाबाद-पटना अमृत भारत स्पेशल ट्रेन का परिचालन शुरू हो गया है। यह ट्रेन अहमदाबाद से चलकर डीडीयू तक रुकते हुए ...और पढ़ें

अहमदाबाद-पटना अमृत भारत स्पेशल ट्रेन
HighLights
अहमदाबाद-पटना अमृत भारत स्पेशल ट्रेन का परिचालन शुरू।
आरा जंक्शन पर ठहराव न होने से यात्री नाराज।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने ठहराव की मांग की।
जागरण संवाददाता, आरा(भोजपुर)। दानापुर रेल मंडल के अंतर्गत अहमदाबाद–पटना अमृत भारत स्पेशल ट्रेन का परिचालन शुरू कर दिया गया है। इस ट्रेन के लिए 09449 (अहमदाबाद–पटना) और 09448 (पटना–अहमदाबाद) नंबर निर्धारित किए गए हैं। रेलवे प्रशासन ने इसकी समय सारिणी भी जारी कर दी है, जिससे यात्रियों को लंबी दूरी की यात्रा में सुविधा मिलने की उम्मीद है।
डीडीयू तक ठहराव, फिर सीधे पटना
रेलवे के अनुसार यह ट्रेन अहमदाबाद से चलकर हाजीपुर जोन के अंतर्गत पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन (डीडीयू) तक विभिन्न स्टेशनों पर ठहराव करेगी। इसके बाद ट्रेन सीधे पटना जंक्शन पहुंचेगी। सीमित स्टॉपेज के कारण यह ट्रेन कम समय में यात्रा पूरी करने के उद्देश्य से चलाई जा रही है।

आरा जंक्शन को नहीं मिला ठहराव
इस महत्वपूर्ण ट्रेन का ठहराव आरा जंक्शन पर नहीं दिए जाने से स्थानीय यात्रियों में नाराजगी बढ़ गई है। भोजपुर जिले का प्रमुख स्टेशन होने के बावजूद आरा को इस सूची से बाहर रखा गया है। इससे यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ सकता है।
गुजरात रूट के यात्रियों को झटका
आरा जंक्शन से प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग अहमदाबाद और सूरत जैसे शहरों के लिए यात्रा करते हैं। इनमें मजदूर, छात्र और व्यापारी वर्ग के लोग शामिल हैं। ऐसे में अमृत भारत जैसी महत्वपूर्ण ट्रेन का ठहराव नहीं होना यात्रियों के लिए झटका माना जा रहा है।
रेलवे का तर्क, तेज यात्रा प्राथमिकता
रेलवे सूत्रों के अनुसार इस स्पेशल ट्रेन को सीमित स्टॉपेज के साथ तेज गति से चलाने की योजना बनाई गई है। इसी कारण कई स्टेशनों को ठहराव सूची में शामिल नहीं किया गया है। हालांकि, आरा जैसे व्यस्त स्टेशन को नजरअंदाज किए जाने पर सवाल उठ रहे हैं।
ठहराव की मांग तेज, जनप्रतिनिधि सक्रिय
स्थानीय जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों ने रेलवे प्रशासन से आरा जंक्शन पर ठहराव देने की मांग की है। उनका कहना है कि इससे यात्रियों को सुविधा मिलेगी और रेलवे के राजस्व में भी बढ़ोतरी होगी। अब देखना है कि रेलवे इस मांग पर क्या निर्णय लेता है।
