जागरण संवाददाता, भागलपुर। 2005 से पहले लोगों ने स्कूल-कालेज के लिए जमीन दिए। चंदा कर मकान बनवा दिए, लेकिन सरकार शिक्षकों को वेतन नहीं दे पाई। कई संस्थान बंद हो गए। उद्योग धंधे बंद हो गए। कर्पूरी ठाकुर के बाद नीतीश-मोदी की सरकार ने बिहार को विकास की पटरी पर दौड़ाया और 2014 के बाद केंद्र में जब नरेंद्र मोदी की सरकार बनी तो बिहार बुलंदियों को छू रहा है।

उक्त बातें भारतीय जनता पार्टी के तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के दूसरे दिन कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए सूबे के गन्ना एवं कानून मंत्री प्रमोद कुमार ने बिहार सरकार की उपलब्धि विषय पर चर्चा करते हुए कही। उन्होंने कहा कि आज देश आजादी का 75वां महोत्सव अमृत महोत्सव के रूप में मना रही है। 50 साल तक आमजन का नहीं, बल्कि कुछ परिवार का विकास हुआ। जिसका खामियाजा आज भी देश को भुगतना पड़ रहा है, लेकिन नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अब भारत सिर्फ दूसरे देशों की ओर हाथ फैलाए नहीं बैठता, बल्कि अपने पैर पर खड़ा होकर आत्मनिर्भर भारत होने का परिचय देने के लिए तैयार है।

उन्होंने कहा कि साधारण टीके के लिए हम विदेश की ओर मुंह देखते थे और वहां से बचा खुचा मिलता था, लेकिन आज भारत दूसरे देश को टीका दे रहा है, यह हमारे करिश्माई नेतृत्व का कमाल है। आज बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ नारे को चरितार्थ किया जा रहा है। साइकिल, पोशाक, शिक्षा, स्वास्थ्य, जीविका, सेविका व सरकारी सेवा में बेटियां बढ़-चढ़कर भाग ले रही है। इस सत्र की अध्यक्षता प्रदेश उपाध्यक्ष पिंकी कुशवाहा व संचालन हेमंत भगत ने किया।

हमारा विचार परिवार विषय पर कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन करते हुए प्रदेश उपाध्यक्ष नारायण महतो ने कहा कि व्यक्ति हमारा माध्यम है और विनिर्माण के माध्यम से भारत माता को परम वैभव की ओर पहुंचाएंगे। हमारा विचार किसी व्यक्ति को गुरु नहीं, बल्कि भगवा ध्वज को गुरु मानती है। इस सत्र की अध्यक्षता लीना सिन्हा की।

भाजपा का इतिहास विकास विषय पर जनक सिंह ने अपने विचार रखे, जिसकी अध्यक्षता पूर्व जिलाध्यक्ष नरेश चंद्र मिश्रा ने की। भारत का बढ़ता सुरक्षा साम्र्थय विषय पर मार्गदर्शन देते हुए राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री रामसूरत कुमार ने कहा कि देश के सैनिकों का हौसला बुलंद है, जिसके कारण भारत घर में घुस कर बदला ले रही है। सेनाओं को वन रैंक वन पेंशन के साथ-साथ घायल होने पर आठ लाख तक की सहायता राशि दी जाती है। उन्होंने कहा कि भारत के पास एक से बढ़कर एक हथियार है और कई देश को सुरक्षा का सामान भारत दे रहा है। भारत की सुरक्षा व्यवस्था इतनी मजबूत है कि आतंकी व दुश्मन देश विश्व मंच पर गिड़गिड़ा रही है। भारत के तीनों सेना में समन्वय स्थापित करने के लिए सीडीएस की स्थापना की गई। देश के वीर जवानों को बुलेट प्रुफ जैकेट देने के अलावा कई तरह से सुरक्षित करने का काम किया जा रहा है। एक समय था कि सैनिकों की वर्दी व गाड़ी, हथियारों की खरीद में घोटाले होते थे। सत्र की अध्यक्षता प्रदेश कार्यसमिति सदस्य डा. प्रीति शेखर व संचालन जिला उपाध्यक्ष मुकेश सिंह ने किया। सरोज रंजन पटेल ने आत्मनिर्भर भारत विषय पर अपने विचार रखे, जिसकी अध्यक्षता प्रो. किरण सिंह ने की।

पिछले सात वर्षों में अंत्योदय पहल विषय पर केंद्रीय राज्यमंत्री अश्विनी चौबे ने कहा कि 2014 में चुनाव जितने के बाद शपथ ग्रहण के पूर्व ही नरेंद्र मोदी ने कहा था हमारी सरकार गरीबों के लिए समर्पित सरकार होगी। सात साल में उन्होंने देशवासियों में आत्मविश्वास बढ़ाने का काम किया और देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कई पैकेज दिए। वैश्विक महामारी से उबरने और आर्थिक समृद्धि के लिए उन्होंने 20 लाख करोड़ का आर्थिक पैकेज देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री देश के एक-एक व्यक्ति का चिंता करते हैं, इसलिए वो सीधा संवाद कर अपनी बात रखते हैं और लोगों का सुनते हैं। सत्र की अध्यक्षता जिला प्रभारी रामानंद चौधरी व संचालन जिला उपाध्यक्ष रोशन सिंह ने किया।

इस मौके पर पीरपैंती विधायक ललन पासवान, हरवंश मनी सिंह, नभय चौधरी, जिला प्रभारी रामानंद चौधरी, प्रशिक्षण प्रभारी अभिनव कुमार, व्यवस्था प्रमुख देवव्रत घोष, अर्जित शाश्वत चौबे, प्रशांत विक्रम, संतोष कुमार, रोशन सिंह, श्यामल किशोर मिश्रा, मनीष दास, उमाशंकर, दीपक शर्मा, राजकुमार सिंह, राजीव तिवारी, राजीव मुन्ना, श्वेता सिंह, माला सिंह, नीतू चौबे, अजीत गुप्ता, विनोद सिन्हा, इंदुभुषण झा, प्यारे हिंद, आदित्य पाण्डेय, जीवन कुमार, नीरज चंद्रवंशी, नरेंद्र झा, गोपाल सिंह, राबिन सिंह, प्रणव दास, योगेश पांडे, गौतम सिन्हा, श्रीराम राय, कुंदन कुमार, मानस सिंह, गुड्डू राय सहित दर्जनों कार्यकर्ता उपस्थित थे। 

Edited By: Abhishek Kumar