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भागलपुर में रेलवे तटबंध टूटने से बढ़ा कटाव का खतरा, राघोपुर पहुंची मंत्री और अधिकारियों की टीम 

Published: Sat, 10 Oct 2026 10:51 AM (IST)

गंगा के भीषण कटाव से राघोपुर में रेलवे तटबंध ध्वस्त होने के बाद अब 14 नंबर सड़क पर खतरा मंडरा ...और पढ़ें

तटबंध टूटने से बाढ़ का खतरा। फोटो जागरण

तटबंध टूटने से बाढ़ का खतरा। फोटो जागरण

HighLights

  1. राघोपुर में गंगा कटाव से रेलवे तटबंध ध्वस्त।

  2. 14 नंबर सड़क पर अब कटाव का खतरा।

  3. मंत्री और अधिकारी बचाव कार्य में जुटे।

संवाद सूत्र, खरीक (भागलपुर)। गंगा के भीषण कटाव से राघोपुर में रेलवे तटबंध ध्वस्त होने के बाद अब 14 नंबर सड़क पर खतरा मंडराने लगा है।

विक्रमशिला सेतु जाह्नवी चौक से यह सड़क बिहपुर को जोड़ती है, जो आगे चलकर एनएच 31 में मिल जाती है। मंत्री शैलेश कुमार के घर जाने का मुख्य सड़क हैं।

हालांकि, फिलहाल कटाव स्थिर बताया जा रहा है, लेकिन इसकी गंभीरता को देखते हुए प्रशासन और संबंधित विभागों ने बचाव कार्य तेज कर दिया है।

राघोपुर पंचायत की आबादी को सुरक्षित रखने के साथ-साथ लत्तीपुर से जहान्वी चौक तक जाने वाली महत्वपूर्ण सड़क को कटाव की चपेट में आने से बचाना बड़ी चुनौती बन गई है। शनिवार सुबह से ही कटाव स्थल पर बचाव कार्य शुरू कर दिया गया है।

मौके पर पहुंचे मंत्री, पटना से पहुंचे वरीय अधिकारी

कटाव की गंभीरता को देखते हुए पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर शैलेंद्र और ऊर्जा मंत्री बुलो मंडल घटनास्थल पर पहुंचे। जल संसाधन विभाग के वरीय अधिकारी भी पटना से पहुंचकर स्थिति का जायजा लेने और बचाव कार्य की निगरानी में जुट गए हैं।

अधिकारियों और अभियंताओं की मौजूदगी में कटाव प्रभावित क्षेत्र की स्थिति का आकलन किया जा रहा है। उपलब्ध संसाधनों के आधार पर गंगा की धारा के प्रभाव को कम करने और संवेदनशील हिस्सों को सुरक्षित रखने के प्रयास किए जा रहे हैं।

दो जहाजों से काम शुरू, चार और लगाने की तैयारी

कटावरोधी कार्य के लिए फिलहाल दो जहाज लगाए गए हैं। जरूरत के अनुसार चार और जहाज लगाने की तैयारी है। ऊर्जा मंत्री बुलो मंडल ने अतिरिक्त जहाज उपलब्ध कराने का भरोसा दिया है।

विभागीय टीम का प्रयास है कि समय रहते कटाव पर नियंत्रण किया जाए, ताकि इसका असर आसपास की आबादी और सड़क पर नहीं पड़े।

रेलवे तटबंध के ध्वस्त होने के बाद क्षेत्र में कटाव का खतरा बढ़ने से ग्रामीणों की चिंता भी बढ़ गई है। लोगों को आशंका है कि यदि कटाव आगे बढ़ा तो राघोपुर पंचायत के साथ-साथ आवागमन के लिहाज से महत्वपूर्ण 14 नंबर सड़क भी प्रभावित हो सकती है। ऐसे में बचाव कार्य को प्राथमिकता दी जा रही है।

जलस्तर नीचे, फिर भी सतर्कता जरूरी

पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर शैलेंद्र ने कहा कि फिलहाल गंगा का जलस्तर नीचे है, इसलिए तत्काल बाढ़ का खतरा नहीं है। हालांकि, कटाव की आशंका बनी हुई है।

इससे निपटने के लिए आवश्यक उपाय किए जा रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि बचाव कार्य को युद्धस्तर पर आगे बढ़ाया जाएगा और जरूरत के मुताबिक संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे।

अब ग्रामीणों की निगाहें बचाव कार्य की प्रगति पर टिकी हैं। लोगों की मांग है कि कटाव को नियंत्रित करने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं, ताकि पंचायत की आबादी और लत्तीपुर–जहान्वी चौक सड़क को सुरक्षित रखा जा सके।

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