कार में भारी बंपर लगाया तो नहीं खुलेंगे एयरबैग! भागलपुर में परिवहन विभाग ने शुरू की सख्त कार्रवाई, ₹5000 तक जुर्माना
Bhagalpur Transport Department Action: भागलपुर परिवहन विभाग ने अवैध लोहे के बंपर वाले वाहनों के खिलाफ सख्त अभियान शुरू किया ...और पढ़ें

Bhagalpur Transport Department Action: भागलपुर में भारी बंपर लगाने वाले वाहन चालकों पर होगी सख्ती
HighLights
अवैध बंपर वाले वाहनों पर भागलपुर परिवहन विभाग की सख्त कार्रवाई।
₹5000 तक जुर्माना और मौके पर बंपर हटाने का प्रावधान।
अवैध बंपर एयरबैग और क्रंपल जोन की सुरक्षा को बाधित करते हैं।
डिजिटल डेस्क, भागलपुर। Bhagalpur Transport Department Action: सड़कों पर शान दिखाने या गाड़ी को सुरक्षित रखने के भ्रम में आगे-पीछे भारी-भरकम लोहे और स्टील का बंपर (क्रैश गार्ड) लगाकर चलने वाले वाहन मालिकों पर भागलपुर परिवहन विभाग ने पूरी तरह शिकंजा कस दिया है। परिवहन मुख्यालय के कड़े निर्देश के बाद जिले में ऐसे वाहनों के खिलाफ सघन धरपकड़ अभियान शुरू कर दिया गया है। जांच के दौरान अवैध बंपर पाए जाने पर भारी जुर्माना वसूलने के साथ-साथ मौके पर ही बंपर उतरवाने की कार्रवाई भी की जा रही है।
₹5000 तक कटेगा चालान
एमवीआई एसएन मिश्र ने बताया कि परिवहन मुख्यालय से मिले स्पष्ट निर्देशों के आलोक में पूरे भागलपुर जिले में अभियान को प्रभावी बना दिया गया है। प्रतिदिन जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) और मोटर यान निरीक्षक (एमवीआई) के नेतृत्व में पुलिस व परिवहन विभाग की संयुक्त टीम मुख्य चौराहों और राजमार्गों पर जांच करेगी।
DTO-MVI रोज उतरेंगे सड़क पर
एमवीआई ने स्पष्ट किया कि यदि किसी भी चार पहिया या भारी वाहन में अवैध बंपर या अनधिकृत क्रैश गार्ड लगा पाया जाता है, तो मोटर व्हीकल एक्ट 1988 की धारा 190 और 191 के तहत चालान काटा जाएगा। इस स्थिति में वाहन मालिक को ₹1,000 से लेकर ₹5,000 तक का भारी जुर्माना भरना पड़ सकता है। इसके साथ ही दुकानदारों से ऐसे बंपर न बेचने और वाहन चालकों से इन्हें न लगवाने की अपील भी की जा रही है।
एयरबैग नहीं खुलेंगे, क्रंपल जोन सिस्टम हो जाता है बेअसर
तकनीकी और सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, लोग सुरक्षा के लिए बंपर लगाते हैं लेकिन यह कार में बैठे लोगों के लिए ही सबसे बड़ा काल बन जाता है। अधिकांश आधुनिक कारों में एयरबैग दिए जाते हैं। इसके सेंसर सामने से होने वाली टक्कर के दबाव को भांपकर मिलीसेकंड में खुलते हैं। जब कार के आगे भारी मेटल बंपर लगा होता है, तो टक्कर का सही प्रभाव सेंसर तक पहुंच ही नहीं पाता, जिससे गंभीर हादसे के दौरान भी एयरबैग नहीं खुल पाते और अंदर बैठे यात्रियों की जान खतरे में पड़ जाती है।
बंपर से क्यों बढ़ता है खतरा: तकनीकी कारण
एयरबैग नहीं खुलते: आधुनिक कारों के एयरबैग सेंसर टक्कर के कंपन से एक्टिव होते हैं; आगे भारी मेटल बंपर लगने से इम्पैक्ट सेंसर तक सही समय पर नहीं पहुंच पाता और एयरबैग नहीं खुलते।
क्रंपल जोन हो जाता है बेकार: नई कारों का आगे का हिस्सा 'क्रंपल जोन' तकनीक पर बनता है, जो टक्कर की तीव्रता को सोखकर अंदर बैठे यात्रियों को बचाता है। बंपर लगाने से झटका सीधे केबिन तक पहुंचता है।
पैदल यात्रियों के लिए घातक: कार का मूल फाइबर बंपर पैदल यात्री से टकराने पर कम चोट पहुंचाता है, जबकि लोहा या स्टील का भारी गार्ड जानलेवा साबित होता है।
कानूनी प्रावधान: मोटर व्हीकल एक्ट 1988 की धारा 190 व 191 के तहत ₹1,000 से ₹5,000 तक चालान का प्रावधान।
इसके अलावा, नई कारों में 'क्रंपल जोन' का विशेष सेफ्टी फीचर होता है। एक्सीडेंट होने पर कार का आगे का यह हिस्सा दबकर टक्कर की ताकत को खुद सोख लेता है, जिससे झटके का सीधा असर केबिन तक नहीं पहुंचता। लेकिन भारी बंपर लगाने से यह पूरा सिस्टम फेल हो जाता है और टक्कर की ताकत सीधे कार के चेसिस और अंदर बैठे यात्रियों तक पहुंचती है, जिससे गंभीर चोट लगने का खतरा बढ़ जाता है।
पैदल चलने वाले राहगीरों के लिए जानलेवा है लोहे का गार्ड
वाहनों में लगे अवैध मेटल गार्ड सड़क पर चलने वाले अन्य राहगीरों और बाइक सवारों के लिए भी बेहद खतरनाक साबित होते हैं। कंपनियों द्वारा लगाए गए मूल फाइबर बंपर इस प्रकार डिजाइन किए जाते हैं कि यदि किसी पैदल व्यक्ति से टक्कर हो, तो उसे न्यूनतम चोट लगे।
इसके विपरीत, कार के आगे लगा लोहा या स्टील का भारी क्रैश गार्ड किसी भी राहगीर के लिए जानलेवा साबित होता है और उसकी मौके पर ही मौत का कारण बन सकता है। परिवहन विभाग ने आम नागरिकों से सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए गाड़ियों से तत्काल प्रभाव से ऐसे बंपर हटाने की अपील की है।
