भागलपुर। सृजन घोटाले में फंसे जिला नजारत के पूर्व सहायक नाजिर अमरेंद्र कुमार यादव पर विभागीय कार्रवाई होगी। डीएम के आदेश के बाद कार्रवाई शुरू हो जाएगी। सामान्य प्रशासन विभाग ने डीएम से इसके लिए स्वीकृति मांगी थी।

दरअसल, सरकारी सेवक पर कार्रवाई के लिए सक्षम पदाधिकारी से अभियोजन स्वीकृति लेना अनिवार्य है। इसके पूर्व सीबीआइ की ओर से अमरेंद्र यादव के खिलाफ चार्जशीट दायर किया जा चुका है।

................

अमरेंद्र ने दर्ज कराई थी पहली एफआइआर

अमरेंद्र कुमार यादव ने ही सृजन घोटाले की पहली एफआइआर दर्ज कराई थी। इसमें नजारत से बैंक ऑफ बड़ौदा के खाते से 12 करोड़ रुपये की अवैध निकासी की गई थी और इस राशि को सृजन महिला विकास सहयोग समिति के खाते में ट्रासफर किया गया था। मामले का खुलासा होने पर अमरेंद्र फरार हो गया। इसके बाद इलाज के लिए आकस्मिक छुट्टी पर जाने के लिए पत्र भेजा था। बाद में उसे गिरफ्तार किया गया।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस