बांका: सौतेली मां ने दारोगा बाबू को लाड़-प्यार से पाला था, सचिवालय कर्मी से कराई थी शादी; नवगछिया में कैसे हुई मौत?
SI Yogesh Kumar Death: दारोगा योगेश कुमार का शव नवगछिया पुलिस लाइन में फंदे से लटका मिला, जिससे उनके पैतृक ...और पढ़ें

SI Yogesh Kumar Death: नवगछिया में दारोगा की मौत
HighLights
दारोगा योगेश कुमार का शव नवगछिया पुलिस लाइन में मिला।
सौतेली मां ने योगेश को सगे बच्चों से बढ़कर पाला था।
तीन महीने पहले ही सचिवालय कर्मी से हुई थी शादी।
संवाद सूत्र, बाराहाट (बांका)। SI Yogesh Kumar Death: जिस बेटे के सिर से बचपन में ही ममता का साया उठ गया था, उसे सौतेली मां ने अपनी कोख से जन्मे बच्चों से भी ज्यादा लाड-प्यार देकर इस काबिल बनाया कि वह खाकी वर्दी पहनकर समाज की सुरक्षा कर सके। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। नवगछिया पुलिस लाइन में दारोगा योगेश कुमार का शव फंदे से लटकता मिलने की हृदयविदारक खबर जैसे ही बांका जिले के बाराहाट थाना अंतर्गत तप्पाड़ीह गांव पहुंची, पूरा गांव गहरे शोक और सन्नाटे में डूब गया। घर की चौखट पर बेटे के पार्थिव शरीर का इंतजार कर रही मां की चीखों से हर आंख नम हो उठी।
3 साल की उम्र में छिनी थी मां, सौतेली मां ने दिया सगे से बढ़कर प्यार
योगेश जब महज तीन साल के मासूम थे, तभी उनकी सगी मां सरस्वती देवी की सर्पदंश से असामयिक मौत हो गई थी। आठ बेटियों और इकलौते मासूम बेटे के लालन-पालन का संकट देख पिता रामकृष्ण साह ने उर्वशी देवी से दूसरा विवाह किया। उर्वशी देवी ने सौतेली मां के सामाजिक दंश को झुठलाते हुए योगेश को अपने कलेजे का टुकड़ा बना लिया। उन्होंने अपनी आठ बेटियों के बीच इकलौते बेटे योगेश की परवरिश में कभी कोई फर्क नहीं समझा।
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दारोगा योगेश कुमार: मौत से सबको झकझोरा
पद व तैनाती: पुलिस अवर निरीक्षक (एसआई), नवगछिया पुलिस लाइन (वर्ष 2020 से पदस्थापित)।
मूल निवास: ग्राम तप्पाड़ीह, बाराहाट थाना क्षेत्र, जिला बांका।
पारिवारिक पृष्ठभूमि: पिता रामकृष्ण साह; परिवार में आठ बहनें और इकलौते भाई थे योगेश।
बचपन का संघर्ष: 3 वर्ष की आयु में सगी मां सरस्वती देवी की सर्पदंश से मौत; पिता की दूसरी पत्नी उर्वशी देवी ने की परवरिश।
वैवाहिक स्थिति: 1 जुलाई 2026 को लखीसराय निवासी गुड़िया कुमारी (सचिवालय कर्मी, पटना) से हुआ था विवाह।
विभागीय उपलब्धि: पूर्व में एसपी के रीडर रहे, हाल ही में सहायक अवर निरीक्षक (ASI) से अवर निरीक्षक (SI) पद पर पदोन्नत हुए थे।
बेटे की असामयिक मौत के बाद रोते-रोते बेसुध हो रहीं उर्वशी देवी कहती हैं कि योगेश ने बचपन से कभी उन्हें सौतेली मां का अहसास नहीं होने दिया। वह उन्हें अपनी सगी मां से भी बढ़कर आदर और स्नेह देता था। उसकी जुदाई ने उनके जीने का सहारा ही छीन लिया है।
3 महीने पहले ही बजी थी शहनाई, सचिवालय में कार्यरत हैं पत्नी
योगेश वर्ष 2020 से नवगछिया में निष्ठापूर्वक अपनी सेवाएं दे रहे थे। कार्यकुशलता के चलते वह नवगछिया एसपी के रीडर भी रह चुके थे। हाल ही में उन्होंने सहायक अवर निरीक्षक (एएसआई) से पुलिस अवर निरीक्षक (एसआई) के पद पर प्रोन्नति पाई थी। करियर में लगातार मिल रही सफलताओं के बीच इसी साल 1 जुलाई को उनकी शादी लखीसराय निवासी गुड़िया कुमारी के साथ धूमधाम से संपन्न हुई थी।
पत्नी गुड़िया कुमारी पटना सचिवालय में कार्यरत हैं। हाल ही में बीते दशहरा पर्व पर वह अपने दारोगा पति के पास नवगछिया आई थीं और दोनों ने साथ मिलकर त्योहार की खुशियां मनाई थीं। अभी हाथों की मेहंदी का रंग भी नहीं छूटा था कि शादी के महज कुछ ही महीनों बाद यह खुशहाल परिवार तबाह हो गया। नवगछिया पुलिस लाइन के क्वार्टर में फंदे से झूलते मिले दारोगा के शव ने कई अनुत्तरित सवाल छोड़ दिए हैं, जिनकी जांच में पुलिस जुटी है।
