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औरंगाबाद में 288 करोड़ की लागत से बनेगा 8 KM लंबा फोरलेन बाईपास, 8 मौजों में जमीन का होगा अधिग्रहण

Published: Thu, 01 Oct 2026 05:32 PM (IST)

दाउदनगर में 288 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले लगभग 8 किलोमीटर लंबे फोरलेन बाईपास का निर्माण कार्य तेज हो गया है।

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

HighLights

  1. दाउदनगर में 288 करोड़ का फोरलेन बाईपास बनेगा।

  2. यह बाईपास लगभग 8 किलोमीटर लंबा होगा।

  3. भूमि अधिग्रहण और टेंडर प्रक्रिया अंतिम चरण में है।

जागरण संवाददाता, औरंगाबाद। दाउदनगर में जाम की समस्या से शीघ्र राहत मिलने की उम्मीद है। औरंगाबाद-पटना एनएच-139 पर करीब आठ किलोमीटर लंबे फोरलेन बाईपास के निर्माण की प्रक्रिया तेज हो गई है।

करीब 288 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले बाईपास में लगभग 159 करोड़ रुपये सड़क निर्माण पर खर्च होंगे। शेष राशि भूमि अधिग्रहण पर खर्च की जाएगी।

बाईपास निर्माण के लिए करीब 29.08 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है। निर्माण एनएचएआई की राशि से कराया जाएगा। प्रस्तावित बाईपास दाउदनगर भखरुआ चौक से पूरब की ओर बनेगा।

यह दाउदनगर-पटना मार्ग पर बीएड कॉलेज के समीप एनएच-139 से शुरू होकर औरंगाबाद की ओर नासरीगंज रोड ओवरब्रिज के पास फिर एनएच-139 से जुड़ेगा।

बाईपास एनएच-120 के ऊपर से गुजरेगा, जिसके लिए ओवरब्रिज का निर्माण कराया जाएगा। जेल से पहले बुधनबिगहा गांव के पास से भी बाईपास गुजरेगा।

बाईपास निर्माण के लिए अंतिम चरण में टेंडर प्रक्रिया 

एनएच के कार्यपालक अभियंता तुलसी प्रसाद ने बताया कि भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया को लेकर बुधवार को अधिकारियों की टीम ने स्थल निरीक्षण किया।

टीम में जिला भू-अर्जन पदाधिकारी शुभेंद्र कुमार झा, वरीय उप समाहर्ता रितेश कुमार यादव, दाउदनगर एलआरडीसी प्रणव कुमार, अपर जिला भू-अर्जन पदाधिकारी जीतेंद्र कुमार सिन्हा, दाउदनगर सीओ समेत अन्य अधिकारी शामिल रहे। उन्होंने बताया कि जल्द भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी करने का निर्णय लिया गया है।

बाईपास निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया भी अंतिम चरण में है। बाईपास के लिए अमौना, सिपहा, नीमा, अंकोरहा, तरारी, पिलछी, तरार और महावर मौजा में भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है।

बाईपास बनने के बाद दाउदनगर के व्यस्त भखरुआं चौक से होकर गुजरने वाले वाहनों का दबाव कम होगा। एनएच-139 पर पटना और औरंगाबाद की ओर आने-जाने वाले वाहनों को शहर के भीतर प्रवेश किए बिना वैकल्पिक मार्ग मिल सकेगा।

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भूमि अधिग्रहण के लिए छह सदस्यीय टीम गठित की गई है। दाउदनगर एसडीएम और एलआरडीसी को कार्य की लगातार निगरानी करते हुए समय पर अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया गया है। भूमि अधिग्रहण से जुड़ी समस्याओं का स्थानीय स्तर पर समाधान करने को कहा गया है, ताकि बाईपास निर्माण में किसी तरह की बाधा नहीं आए। उनका प्रयास है कि शीघ्र बाईपास का निर्माण शुरू कराया जाए।

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अभिलाषा शर्मा, डीएम, औरंगाबाद।