नई दिल्ली, ऑटो डेस्क। कार के टायर्स बेहद जरूरी होते हैं और इनके साथ अगर लापरवाही बरती जाए तो आए दिन इनमें खराबी आ सकती है। ये बार-बार पंक्चर हो सकते हैं या फिर इनके फटने का ख़तरा बना रहता है। अगर आपकी कार के टायर्स में भी बार-बार ये समस्याएं आती हैं तो आज हम आपके लिए इससे निपटने के आसान से टिप्स लेकर आए हैं। आज हम आपको कार के टायर्स को फिट रखने के वो कारगर तरीके बताने जा रहे हैं जिनका इस्तेमाल करके आप सालों तक बिना किसी दिक्कत के इनका इस्तेमाल कर सकते हैं।

नाइट्रोजन फिलिंग

अगर आप लंबे सफर पर जाने के शौक़ीन हैं तो कार में नॉर्मल कंप्रेस्ड एयर भरवाने से बचना चाहिए, इसकी वजह से कार का टायर फटने का खतरा होता है जो एक्सीडेंट का कारण बन सकता है। ऐसे में आपको नाइट्रोजन गैस फिलिंग करवानी चाहिए क्योंकि इससे टायर की लाइफ बढ़ती है साथ ही साथ कार अच्छा माइलेज भी देती है।

दरारें

कई बार जब कार का टायर पुराना हो जाता है तो इसपर दरारें बन जाती हैं, जब अप कार चलाते हैं तो ये दरारें और बड़ी हो जाती हैं। अगर आप लंबे सफ़र पर अपनी कार से जाते हैं तो इन दरारों की वजह से टायर्स फटने का खतरा बना रहता है और आप एक्सीडेंट का शिकार हो सकते हैं। ऐसे में टायर पर दरारें दिखने पर इन्हें तुरंत रिपेयर करवाना चाहिए।

ग्रिप

ज्यादा समय तक चलने के बाद टायर्स की ग्रिप घिस जाती है। ऐसे में टायर्स काफी फिसलने लगते हैं और ब्रेक लगाने के बाद भी कार को रोकने में परेशानी आती है। कई बार सड़कों पर गाड़ियों से निकला हुआ ऑयल गिरा होता है ऐसे में इनसे आपकी कार फिसल सकती है और हादसे का शिकार हो सकती है।

ओवर फिलिंग

कई बार टायर में जरूरत से ज्यादा एयर फिलिंग हो जाती है, ऐसे में टायर्स की ग्रिप घराब होती है और अगर ऐसा लंबे समय तक किया जाए तो टायर्स बीच रास्ते में ही फट जाते हैं और कार डिस्बैलेंस हो सकती है। हेमेशा टायर्स में जरूरत के हिसाब से ही एयर फिलिंग करवानी चाहिए।

बबल्स

कई बार कार के टायर के सरफेस पर बबल्स निकल आते हैं। ऐसे में टायर फटने का खतरा रहता है। बीच रास्ते में अगर टायर फट जाए तो कार का संतुलन बिगड़ सकता है, ऐसे में आपको कार के टायर को बदलवा लेना चाहिए।