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ब्रिटेन में हिंदुओं के खिलाफ हेट क्राइम में 15 फीसदी की बढ़ोत्तरी, सरकारी आंकड़ों ने बढ़ाई चिंता

Published: Wed, 14 Oct 2026 08:02 AM (IST)

ब्रिटेन में हिंदुओं के खिलाफ नफरती अपराधों में 15% की रिकॉर्ड वृद्धि हुई है, जिससे ब्रिटिश सरकार के आंकड़ों पर ...और पढ़ें

ब्रिटेन में हिंदुओं पर बढ़ते नफरती हमले (यह तस्वीर AI की मदद से बनाई गई है।)

ब्रिटेन में हिंदुओं पर बढ़ते नफरती हमले (यह तस्वीर AI की मदद से बनाई गई है।)

HighLights

  1. ब्रिटेन में हिंदुओं के खिलाफ हेट क्राइम में 15% वृद्धि।

  2. कई हिंदू पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं कराते।

  3. हिंदू मंदिरों को विशेष सुरक्षा फंडिंग नहीं मिलती।

डिजिटल डेस्क, लंदन। ब्रिटेन में रह रहे हिंदू समुदाय के खिलाफ नफरती अपराधों (हेट क्राइम) में रिकार्ड बढ़ोत्तरी हुई है। ब्रिटिश सरकार के गृह विभाग द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, इंग्लैंड और वेल्स में हिंदुओं को निशाना बनाकर किए जाने वाले धार्मिक हेट क्राइम के मामलों में पिछले एक साल 15% का उछाल आया है।

पुलिस ने मार्च 2025 से इस साल मार्च के बीच इंग्लैंड और वेल्स में कुल 146,825 हेट क्राइम रिकॉर्ड किए। रिपोर्ट के मुताबिक, यहां न सिर्फ हिंदू, बल्कि ईसाई (24%), मुस्लिम (15%), यहूदी (10%) और सिख (3%) समुदाय भी लगातार नफरती हमलों का शिकार हो रहे हैं

हिंदू काउंसिल यूके के प्रबंध निदेशक अनिल भनोट के अनुसार, हिंदुओं के मामले में वास्तविक स्थिति पूरी तरह अलग है और वे गंभीर शारीरिक हमलों में बढ़ोतरी का सामना कर रहे हैं।

क्यों नहीं पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हिंदू?

उन्होंने कहा कि ये सरकारी आंकड़े असली तस्वीर बयां नहीं करते, क्योंकि यदि नफरती अपराध शारीरिक हमला न हो, तो कई हिंदू अब भी चुपचाप सहना ही बेहतर समझते हैं। वे पुलिस में शिकायत इसलिए दर्ज नहीं कराते, क्योंकि उन्हें लगता है कि अधिकारी इस पर कोई कार्रवाई नहीं करेंगे।

उन्होंने आगे बताया कि सुरक्षा के लिए हिंदू मंदिर सरकारी फंडिंग के लिए आवेदन तो कर सकते हैं, लेकिन ऐतिहासिक रूप से उन्हें अब तक कोई राशि आवंटित नहीं की गई है।

ब्रिटिश हिंदुओं के लिए काम करने वाले एडवोकेसी ग्रुप इनसाइट यूके के प्रवक्ता ने कहा, 'यहूदियों के पूजा स्थलों (सिनागॉग) और मस्जिदों के लिए विशेष सुरक्षा योजनाएं हैं, जबकि हिंदू मंदिरों के लिए ऐसी कोई अलग व्यवस्था नहीं है और उन्हें सामान्य फंडिंग के बहुत छोटे से हिस्से के लिए भी होड़ लगानी पड़ती है।'