टोरंटो। सेहत को दुरुस्त और तनाव को कम करना चाहते हैं तो साइकिलिंग और ट्रेडमिल पर पसीना बहाने के बारे में सोच सकते हैं। एक अध्ययन में पाया गया है कि लंबे समय तक बैठने की अपेक्षा इस तरह की एक्सरसाइज से सेहत को बेहतर रखा जा सकता है। शोधकर्ताओं के अनुसार, कार्यस्थल पर लंबे समय तक बैठकर काम करने से मोटापा, हृदय रोग और डायबिटीज के साथ ही कैंसर का भी खतरा बढ़ सकता है। कनाडा की मॉन्ट्रियल यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने पाया कि ट्रेडमिल पर पसीना बहाने वाले लोगों की कार्य करने संबंधी क्षमताएं बढ़ जाती हैं। इससे तनाव में कमी और उदासी से मुक्ति मिल सकती है।

फिट रहने का आसान उपाय है साइकिलिंग
अगर आप फिट और आकर्षक दिखने की चाहत में सटीक एक्‍सरसाइज की तलाश कर रहें हैं तो साइकिलिंग आपके लिए अच्‍छा विकल्‍प साबित हो सकता है। वजन घटाने से लेकर मसल्‍स बनाने तक साइकिलिंग आपके लिए बहुत फायदेमंद होती है। साथ ही यह पूरे शरीर को मजबूत बनाती है। इससे फेफड़े अच्‍छी प्रकार से काम करने लगते हैं, पैरों की मांसपेशियां मजबूत बनती है और मोटापा भी कम होता है। आइए जानें साइकिलिंग के फायदों के बारे में।

सेहतमंद दिल के ल‌िए
साइकिलिंग आपके दिल के लिए बहुत फायदेमंद होती है। रोज साइकिल चलाने से दिल की धड़कनें बढ़ती हैं और रक्त का प्रवाह ठीक होता है। इससे दिल से जुड़े रोगों का खतरा कम होता है।

मसल्स बनाने में मददगार
साइकिल चलाने के दौरान पैरों की अच्छी कसरत तो होती ही है, साथ ही मांसपेशियां भी मजबूत होती हैं। मसल्स बनाने के लिए साइकिलिंग पुश अप्स से किसी भी मायने में कम नहीं है।

स्टैमिना बढ़ाएं
रोज साइकिलिंग करने से शरीर के प्रतिरोधी तंत्र को मजबूती मिलती है जिससे स्टैमिना लंबे समय तक बरकरार रहता है। साथ ही, यह रोगों से लड़ने में भी मददगार होता है।

वजन घटाने में मददगार
कई शोधों में अब यह प्रमाणित हो चुका है कि नियमित रूप से साइकिलिंग जैसी एक्‍सरसाइज से शरीर में कैलोरी और फैट कम करने में मदद मिलती है जिससे फिगर स्लिम रहता है और वजन नहीं बढ़ता।

फेफड़ों को मजबूती दें
साइकिलिंग करते समय आप सामान्‍य की तुलना में गहरी सांसें लेते हैं और ज्‍यादा मात्रा में ऑक्‍सीजन ग्रहण करते हैं। जिसके कारण शरीर में रक्‍त संचार भी बढ़ जाता है, साथ ही फेफड़ों के अंदर तेजी से हवा अंदर और बाहर होती है। इससे फेफड़ों की क्षमता में भी सुधार होता है और फेफड़ों में मजबूती आती है।

ट्रेडमिल पर दौड़ना
फिटनेस के प्रति उत्‍साही लोगों को अक्‍सर यह जानने की जिज्ञासा होती हैं कि क्‍या ट्रेडमिल पर दौड़ना, बाहर दौड़ने की तरह ही फायदेमंद होता है। वैज्ञानिक अनुसंधान ने पाया कि कुछ आसान समायोजन के द्वारा ट्रेडमिल पर दौड़ना, बाहर दौड़ने के बराबर ही होता है। हालांकि ट्रेडमिल पर दौड़ने पर आप बेल्‍ट के अंदर गतिशील रहते हैं, और बाहर दौड़ने की तरह आपको हवा के प्रतिरोध का मुकाबला नहीं करना पड़ता है, इसलिए ट्रेडमिल पर दौड़ना आसान होता है। बेल्‍ट की गति को रिकॉर्ड होने के कारण आप ट्रेडमिल के ऊपर और नीचे कूद सकते हैं। जबकि बाहर दौड़ने पर हवा प्रतिरोध के धक्‍के को रोकने के लिए आपको संकेत का अंदाजा लगाने के लिए पैरों की गति का ध्‍यान रखना पड़ता हैं।

ट्रेडमिल पर दौड़ने के फायदे

मौसम खराब होने पर
खराब मौसम या विशेष रूप से गर्मी के मौसम में बाहर दौड़ना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में ट्रेडमिल आपके लिए बे‍हतर विकल्‍प हो सकता है। गर्म मौसम या बरसात के दिन में अपनी नियमित एक्‍सरसाइज को रोकने की बजाए ट्रे‍डमिल पर इसे नियमित रख सकते हैं।

तरल पेय ले सकते हैं
व्‍यायाम के समय डीहाइड्रेशन से बचने के लिए तरल पदार्थ की बहुत जरूरत होती है। बाहर दौड़ते समय पानी या अन्‍य तरल पदार्थ आपको आसानी से नहीं मिल सकते हैं, जबकि घर में या जिम में आप अपने साथ तरल पदार्थ रख भी सकते हैं और इनका सेवन भी कर सकते हैं।

Posted By: Sanjay Pokhriyal

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