सोची, एजेंसी।  रूस के सोची में देश के राष्ट्रपति ब्लादीमिर पुतिन अपने बेलारूस के समकक्ष अलेक्जेंडर लुकाशेनको से मुलाकात करेंगे। इसमें दोनों के बीच द्विपक्षीय संबंधों व संयुक्त परियोजनाओं पर चर्चा होगी। 95 लाख की जनसंख्या वाला देश बेलारूस पुतिन के लिए अहम है। यह रूस का महत्वपूर्ण सहयोगी है लेकिन यह कदम परेशानी का सबब बन गया है। दरअसल रूस इसपर अपना प्रभुत्व चाहता है और बेलारूस मजबूत नेता की छत्रछाया को अपना रक्षक मानता है । 

गत रविवार को रायन एयर की उड़ान को रोक उसे बेलारूस की राजधानी मिंस्क में उतार उसमें मौजूद पत्रकार रोमन प्रोत्साविच की गिरफ्तारी कर ली गई थी जिससे समूचा यूरोप बेलारूस से नाराज है।  बता दें कि इस छोटे से देश बेलारूस के राष्ट्रपति के इस फैसले से पुतिन के सामने नई चुनौती आ गई है। अमेरिका समेत अन्य पश्चिमी देशों की संभावित नाराजगी से अपने मित्र अलेक्जेंडर का बचाव करना पुतिन के लिए परेशानी का सबब बन गया है। ऐसा कहा जाता है कि मानवाधिकार मामलों को लेकर अलेक्जेंडर पहले से ही पश्चिमिी देशों के प्रतिबंधों का सामना कर रहे हैं लेकिन पुतिन के समर्थन से अब तक बचते आ रहे हैं लेकिन इस बार पुतिन भी सहायता करने में सक्षम नहीं दिख रहे। 

यह उड़ान ग्रीस से लिथुएनिया जा रही थी। बेलारूस सरकार के आलोचक माने जाने वाले पत्रकार रोमन प्रोत्साविच भी  थे। उनका जन्‍म बेलारूस में हुआ था लेकिन वर्ष 2019 से ही वो निर्वासित जीवन जी रहे हैं। अगस्‍त 2020 में बेलारूस के राष्‍ट्रपति ने चुनाव के बाद हुए विरोध प्रदर्शनों को लेकर उनके खिलाफ लोगों में नफरत भड़काने का आरोप लगाया था।इस विमान में बम होने की झूठी अफवाह फैलाकर जबरन लैंडिंग कराई गई और फिर उसको बेलारूस की राजधानी मिंस्‍क ले जाया गया जहां पत्रकार को गिरफ्तार किया गया। इस घटना के बाद से यूरोप के कई देशों ने बेलारूस के खिलाफ सख्‍त कार्रवाई करने की मांग की है। यूरोपीय संघ ने भी बेलारूस के इस कदम की कड़े शब्‍दों में निंदा की है।

Edited By: Monika Minal