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सुपर टाइफून बावी: 280 किमी/घंटा की हवाएं और महाविनाश की चेतावनी, अमेरिकी द्वीपों पर मंडरा रहा बड़ा खतरा

Published: Sun, 05 Jul 2026 10:29 PM (IST)

प्रशांत महासागर में सुपर टाइफून 'बावी' गुआम और उत्तरी मारियाना द्वीपों की ओर बढ़ रहा है, जिससे भारी बारिश और ...और पढ़ें

सुपर टाइफून बावी।

सुपर टाइफून बावी।

HighLights

  1. सुपर टाइफून 'बावी' गुआम और उत्तरी मारियाना द्वीपों की ओर बढ़ रहा।

  2. 280 किमी/घंटा की हवाएं, भारी बारिश से विनाशकारी नुकसान की आशंका।

  3. बड़े पैमाने पर लोगों को सुरक्षित निकाला, बिजली-पानी ठप होने का डर।

डिजिटल डेस्क, वॉशिंगटन। प्रशांत महासागर में स्थित अमेरिकी क्षेत्रों गुआम और उत्तरी मारियाना द्वीपों की तरफ एक बेहद खतरनाक और शक्तिशाली 'सुपर टाइफून' (समुद्री तूफान) तेजी से बढ़ रहा है। स्थानीय मौसम विभागों के मुताबिक, इस तूफान की वजह से भारी बारिश और विनाशकारी हवाएं चल रही हैं, जिसे देखते हुए बड़े पैमाने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।

रविवार देर रात से ही इन द्वीपों पर तेज कड़कती हवाओं और मूसलाधार बारिश ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि यह तूफान 'कैटेगरी 5' के खतरनाक हरिकेन जितना शक्तिशाली है।

तबाही मचा सकती हैं 280 किमी/घंटा की रफ्तार वाली हवाएं

'जॉइंट टाइफून वार्निंग सेंटर' के अनुसार, सुपर टाइफून 'बावी' सोमवार सुबह इस इलाके से गुजरेगा। इस दौरान हवाओं की रफ्तार 280 किलोमीटर प्रति घंटे तक हो सकती है, जो बीच-बीच में 333 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार भी पकड़ सकती हैं।

मौसम विभाग की चेतावनी

नेशनल वेदर सर्विस (NWS) ने चेतावनी जारी करते हुए इस तूफान को बेहद खतरनाक बताया है। तूफान के केंद्र के पास भयानक और विनाशकारी नुकसान होने की आशंका जताई गई है। साथ ही समुद्र में ऊंची लहरें उठने का अलर्ट भी जारी किया गया है।

कई हफ्तों तक बिजली-पानी ठप होने का डर

बता दें कि गुआम और उत्तरी मारियाना की कुल आबादी करीब 2,10,000 है। प्रशासन की हिदायत के बाद सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है और पुलिस ने लोगों को घरों के अंदर रहने की सख्त सलाह दी है।

मौसम विभाग का कहना है कि अगर यह तूफान उत्तरी मारियाना के 'रोटा' द्वीप के करीब से गुजरता है, तो भारी तबाही मच सकती है। कई इमारतें और घर हफ्तों या महीनों तक रहने लायक नहीं बचेंगे। बिजली और पानी की सप्लाई लंबे समय के लिए ठप हो सकती है।

उड़ानें रद्द, सहमे लोग

विमान सेवाएं बंद होने की वजह से कई पर्यटक वहां फंस गए हैं। एक सैलानी ने कहा, "उड़ानें रद्द होने की वजह से हम होटल में ही रुकेंगे। मुझे बहुत डर लग रहा है। वहीं एक स्थानीय दुकानदार महिला ने बताया कि उसने पहले ही राशन जमा कर लिया है और अपनी दुकान को सुरक्षित करने के लिए लकड़ी के तख्ते लगा रही है।

आखिर क्यों इतने खतरनाक हो रहे हैं ये तूफान?

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि समुद्र के लगातार गर्म होने की वजह से इन तूफानों की ताकत और रफ्तार दोनों बहुत तेजी से बढ़ रही हैं। यूरोपीय संघ (EU) की 'कॉपरनिकस मरीन सर्विस' के अनुसार, जून के महीने में समुद्र का तापमान रिकॉर्ड स्तर पर दर्ज किया गया था। इसके अलावा, विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) ने भी 'अल नीनो' के असर की चेतावनी दी है, जो प्रशांत महासागर में आने वाले तूफानों को और ज्यादा खतरनाक बना देता है।