काबुल, एजेंसियां। अफगानिस्तान में तालिबान सरकार ने अशरफ गनी के नेतृत्व वाली लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार के आखिरी मंत्री वहीद मजरोह को बर्खास्त कर दिया और उनकी जगह कलंदर एबाद को सार्वजनिक स्वास्थ्य का कार्यवाहक मंत्री नियुक्त किया। द खामा प्रेस न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार तालिबान के अफगानिस्तान पर कब्जा करने के बाद मजरोह एकमात्र मंत्री थे, जो पिछली सरकार से अभी भी अपने पद पर थे।

मजरोह को पद से तब हटाया गया जब सूचना और संस्कृति के उप मंत्री और तालिबान के प्रवक्ता जबीउल्लाह मुजाहिद ने मंगलवार को शेष 9 मंत्रालयों के लिए दो कार्यवाहक मंत्रियों की घोषणा की। एबाद के साथ, नूरदिन अजीजी को उद्योग और वाणिज्य का कार्यवाहक मंत्री नियुक्त किया गया है।

दोनों तालिबान के करीबी हैं और एक बार फिर किसी महिला को जगह नहीं मिली है। द खामा प्रेस न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट इस बीच, मुजाहिद ने घोषणा की कि नए मंत्रियों के शपथ ग्रहण की औपचारिकताएं रद कर दी गई हैं और उन्हें अपने कार्यों को पूरा करने में सावधानी बरतने का निर्देश दिया गया है।

बता दें कि तालिबान के सत्ता पर काबिज होने से पहले अफगानिस्तान की अर्थव्यवस्था गंभीर संकट में थी। अब हालात और खराब हो रहे हैं। गरीबी अचानक बढ़ने लगी है। तालिबान इस स्थिति को बहुत चिंताजनक नहीं मानता है। उसके प्रवक्ता के अनुसार पिछली भ्रष्ट सरकार को मिलने वाली ज्यादातर आर्थिक मदद का इस्तेमाल तालिबान के खिलाफ 20 साल चली लड़ाई में किया गया।

तालिबान ने अपनी कैबिनेट को अंतरिम सरकार का नाम दिया है, लेकिन फिलहाल यह साफ नहीं है कि देश में आगे कभी चुनाव होंगे या नहीं। तालिबान प्रवक्ता ने कक्षा सात से लेकर बारहवीं तक की छात्राओं के स्कूल आने के बारे में भी अभी तक स्थिति साफ नहीं की है। देश में फिलहाल कक्षा एक से कक्षा छह तक की छात्राओं को स्कूल आने की इजाजत मिली है। इसी तरह उच्च शिक्षा ले रही महिलाओं व ल़़डकियों को कालेज आने की छूट मिली है लेकिन उन्हें क्लास में लड़कों से अलग बैठना होगा।

Edited By: Tanisk