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पोलैंड के PM डोनाल्ड टस्क और रक्षा मंत्री की हत्या की साजिश नाकाम, पुलिस ने संदिग्ध आरोपी को पकड़ा

Published: Mon, 12 Oct 2026 09:43 AM (IST)

पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क और रक्षा मंत्री की हत्या की साजिश का खुलासा हुआ है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई ...और पढ़ें

पोलैंड के पीएम टस्क की हत्या की साजिश नाकाम (फाइल फोटो- सोशल मीडिया)

पोलैंड के पीएम टस्क की हत्या की साजिश नाकाम (फाइल फोटो- सोशल मीडिया)

HighLights

  1. पोलैंड के पीएम और रक्षा मंत्री की हत्या की साजिश।

  2. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर संदिग्ध आरोपी को पकड़ा।

  3. ईमेल के जरिए मिली थी विश्वसनीय खुफिया जानकारी।

डिजिटल डेस्क, वारसॉ। पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क और रक्षा मंत्री को मारने की साजिश रचने के आरोप में एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है। गृह मंत्रालय ने संभावित खतरों के बारे में जानकारी दी थी, जिसके तुरंत बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया।

पोलैंड के आंतरिक मंत्री मार्सिन कीरविंस्की के अनुसार, अधिकारियों को एक ईमेल के माध्यम से विश्वसनीय खुफिया जानकारी मिली थी, जिसमें प्रधानमंत्री टस्क और रक्षा मंत्री लाडिसलाव कोसिनियाक-कामिश की हत्या की साजिश की बात कही गई थी।

पोलैंड के पीएम टस्क ने एक्स पर लिखा कि हमले की धमकी देने वाले व्यक्ति को हिरासत में ले लिया गया है, उन्होंने पुलिस की तेज और निर्णायक कार्रवाई की तारीफ भी की।

पोलिश मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अधिकारियों को ईमेल के माध्यम से एक बेहद विश्वसनीय खुफिया जानकारी मिली थी। माना जा रहा है कि यह सूचना उस व्यक्ति से मिली, जिसे सोशल मीडिया के जरिए सरकार विरोधी कट्टरपंथी संगठन के सदस्यों को बंदूक से हमले के लिए भर्ती करने की साजिश की जानकारी थी।

बड़े हमले की थी प्लानिंग

अधिकारियों द्वारा प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क और रक्षा मंत्री व्लादिस्लाव कोसिनियाक-कामिज की हत्या की साजिश की जांच शुरू करने के महज कुछ ही घंटे बाद आरोपी को हिरासत में ले लिया गया। अधिकारियों ने संकेत दिया कि हमले की आशंका काफी अधिक थी।

विशेष सेवाओं के मंत्री-समन्वयक जैकेक डोब्रजिन्स्की के प्रवक्ता ने पत्रकारों को बताया, 'हम इस मामले को बेहद गंभीरता से ले रहे हैं।' जैकेक डोब्रजिन्स्की ने कहा, 'महीने-दर-महीने और साल-दर-साल, पोलैंड और पोलिश लोगों को निशाना बनाने वाली धमकियां और डरावने संदेश पुलिस, SOP और संबंधित सेवाओं तक पहुंच रहे हैं।

इस मामले में इस बात की बहुत अधिक संभावना है कि इन धमकियों को असल में अंजाम दिया जा सकता है।'