एम्सटर्डम, रायटर्स। दक्षिण अफ्रीका में मिले कोरोना वायरस के नए वैरिएंट को लेकर अनेक देशों ने तत्काल प्रभाव से अपने बार्डर बंद कर दिए। इस बीच शुक्रवार को दक्षिण अफ्रीका से एम्सटर्डम आने वाली दो फ्लाइटों में इस नए स्ट्रेन से संक्रमित यात्रियों को पहुंचते ही आइसोलेट कर दिया गया है। 

डच स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच के नतीजों के आधार पर यह जानकारी मिली है कि दक्षिण अफ्रीका से एम्सटर्डम आने वाली दो फ्लाइट में सवार कुल 600 यात्रियों के कोविड-19 टेस्ट कराए गए। इसके शुरुआती नतीजों में 10 से अधिक यात्री कोरोना संक्रमित हैं।

संक्रमित यात्रियों को तुरंत आइसोलेट कर दिया गया है। उल्लेखनीय है कि दक्षिण अफ्रीका में ही कोरोना वायरस के  नए स्ट्रेन का पता चला है जो डेल्टा वैरिएंट से कहीं अधिक संक्रामक है। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने इसे 'वैरिएंट आफ कंसर्न' करार दिया और इसे 'ओमीक्रोन' नाम दिया है।  

कोरोना वायरस के इस नए घातक वैरिएंट के सामने आने के बाद दुनिया भर के देशों में दहशत फैल गई है। । ब्रिटेन, इटली और इजरायल समेत कई देशों ने दक्षिण अफ्रीका, लेसेटो, बोत्सवाना, जिम्बाब्वे, मोजांबिक, नाबिया और इस्वातिनी के लिए उड़ानें बंद कर दी हैं। नीदरलैंड समेत और कई देश इसी तरह के उपाय करने पर विचार कर रहे हैं। जर्मनी भी इन देशों के लिए उड़ानों पर पाबंदी लगा सकता है।

जापान ने कहा है कि शुक्रवार के बाद से इन देशों से आने वाले लोगों को सरकारी क्वारंटाइन सेंटरों में 10 दिन अनिवार्य रूप से रहना होगा। इस दौरान उनकी तीन बार कोरोना जांच भी की जाएगी। दक्षिण अफ्रीका से आने वाले यात्रियों में बोस्तवाना और हांगकांग में यह वैरिएंट पाया गया है। इजरायल में भी मलावी से आए एक व्यक्ति को इससे संक्रमित पाया गया है। इस व्यक्ति को कोरोना रोधी वैक्सीन की दोनों डोज भी लगाई जा चुकी थी। गंभीर होते हालात को देखते हुए और भी कई देशों में इस वैरिएंट को आने से रोकने के लिए कई तरह के उपाय किए जा रहे हैं।

Edited By: Monika Minal