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ईरान-अमेरिका का तनाव बढ़ा, ‘पाषाण युग’ वाली धमकी के बाद अमेरिकी बेस हाई अलर्ट पर

Published: Fri, 03 Apr 2026 04:13 PM (IST)Updated: Fri, 03 Apr 2026 05:34 PM (IST)

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव खतरनाक स्तर पर पहुँच गया है, जिससे वैश्विक युद्ध का खतरा बढ़ गया है। ...और पढ़ें

HighLights

  1. ईरान ने अमेरिका को 'पाषाण युग' में भेजने की धमकी दी।

  2. इराक में अमेरिकी दूतावास ने संभावित हमले पर हाई अलर्ट जारी किया।

  3. ईरान समर्थित समूहों ने इजराइल पर मिसाइल हमले तेज किए।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव अब और खतरनाक दौर में पहुंच गया है। यह टकराव अब सिर्फ दो देशों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कई देशों में फैलता नजर आ रहा है। हालात ऐसे हैं कि दुनिया भर में चिंता बढ़ गई है और बड़े युद्ध का खतरा भी बढ़ने लगा है।

ईरान के एक सैन्य कमांडर अली जहांशाही ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अगर अमेरिका हमला करता है, तो उसके सैनिक पाषाण युग से भी पहले के दौर में भेज दिए जाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान की जमीन हमलावरों की कब्र है और उनकी सेना पूरी तरह तैयार है।

वहीं इराक में बगदाद स्थित अमेरिकी दूतावास ने हाई अलर्ट जारी किया है। चेतावनी दी गई है कि ईरान समर्थित मिलिशिया अगले 24 से 48 घंटों में हमला कर सकते हैं। अमेरिकी नागरिकों से तुरंत इराक छोड़ने को कहा गया है।

इजराइल पर तेज हुए हमले

इसी बीच इजराइल पर ईरान की ओर से लगातार मिसाइल हमले हुए। इजराइली सेना के अनुसार, छह घंटे के भीतर चार बार मिसाइलों की बौछार की गई, जो अलग-अलग इलाकों को निशाना बना रही थीं। इजराइल के एयर डिफेंस सिस्टम ने कई मिसाइलों को हवा में ही नष्ट कर दिया, लेकिन कुछ हमले देश के मध्य हिस्सों में गिरे। इन हमलों में कुछ लोगों को हल्की चोटें आई हैं।

हिजबुल्लाह और लेबनान की हुई एंट्री

स्थिति और बिगड़ गई जब ईरान समर्थित लेबनान के संगठन हिजबुल्लाह ने भी हमले की जिम्मेदारी ली। उसने उत्तरी इजराइल में रॉकेट और ड्रोन दागे। इन हमलों के बाद कई इलाकों में सायरन बजने लगे और लोगों को बंकरों में जाना पड़ा। इससे इस बात का डर बढ़ गया है कि यह संघर्ष अब पूरे क्षेत्रीय युद्ध में बदल सकता है।

इस संघर्ष का असर खाड़ी क्षेत्र में भी देखने को मिला। अबू धाबी में खलीफा इकोनॉमिक जोन के पास एक मिसाइल को हवा में ही मार गिराया गया। हालांकि इसमें कोई हताहत नहीं हुआ, लेकिन यह घटना इस बात का संकेत है कि अब यह संघर्ष अहम आर्थिक क्षेत्रों तक फैलने लगा है।

अमेरिका का सख्त रुख

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने कहा है कि अगले दो से तीन हफ्तों में ईरान पर हमले और तेज किए जाएंगे। उन्होंने दावा किया कि अमेरिका पहले ही ईरान की सैन्य ताकत को काफी कमजोर कर चुका है।

इस तनाव का असर वैश्विक बाजार पर भी पड़ा है। कच्चे तेल की कीमतों में 4% से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है और एशियाई बाजारों में गिरावट आई है, खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य के कारण सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ी है।

यमन के हूती भी हुए सक्रिय

इस बीच यमन के ईरान समर्थित हूती संगठन ने इजराइल के जाफा इलाके पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला करने का दावा किया है। संगठन के प्रवक्ता यहिया सरी ने कहा कि यह हमला उनके सहयोगी समूहों के साथ मिलकर किया गया।

इजराइल की सेना ने भी यमन से मिसाइल दागे जाने की पुष्टि की है और उन्हें रोकने के लिए एयर डिफेंस सिस्टम सक्रिय किया गया। नागरिकों को सुरक्षा निर्देशों का पालन करने के लिए कहा गया है।

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