जेरूसलम, रॉयटर्स: इजराइल अत्यधिक संक्रामक डेल्टा वेरिएंट के प्रसार को नियंत्रित करने के लिए, अब 60 वर्ष से अधिक आयु के लोगों को फाइजर/बायोटेक कोविड-19 वैक्सीन के तीसरे शॉट की पेशकश शुरू करेने जा रहा है। खबरों के मुताबिक, वैक्सीन के तीसरा डोज उन लोगों को लगाया जाएगा, जिन्होंने कम से कम पांच महीने पहले वैक्सीन का दूसरा डोज लगवाया था।

विश्व में टीकाकरण के शुरुआती दौर में इजराइल ने अग्रणी भूमिका निभाई थी। उसने देश के वरिष्ठ नागरिकों का दिसंबर, जनवरी और फरवरी के महीनों में सबसे पहले टीकाकरण कराया था। क्योंकि बुजुर्गों में कोरोना संक्रमण का खतरा सबसे ज्यादा रहता है, लेकिन डेल्टा वेरिएंट संक्रमण के खिलाफ स्वास्थ्य मंत्रालय ने दो बार टीके की प्रभावशीलता में गिरावट दर्ज की है। साथ ही गंभीर स्थिति के खिलाफ इसकी प्रतिरोधक क्षमता में मामूली कमी की भी सूचना दी है। इज़राइल में टीकाकरण के बूस्टर अभियान की जल्द ही औपचारिक रूप से घोषणा किए जाने की उम्मीद है। वहीं अमेरिकी खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) द्वारा अनुमोदन से पहले इजरायल में तीसरी खुराक टेस्टिंग ग्राउंड के तौर पर भी काम करेगी। फाइजर ने बुधवार को अपने एक बयान में कहा है कि, उसका मानना है कि लोगों को कोरोना वायरस से बचाव के लिए अतिरिक्त खुराक की जरूरत है। कंपनी का कहना है कि, वह अगस्त की शुरुआत में बूस्टर शॉट्स के लिए अमेरिकी आपातकालीन प्राधिकरण में आवेदन कर सकती है।

मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, इजरायली स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रमुख ने स्वास्थ्य संगठनों को तीसरे डोज को प्रशासित करने के लिए कार्य शुरू अनुमति दे दी है। पिछले हफ्ते, स्वास्थ्य मंत्रालय ने अनुमान लगाया थी कि, पिछले एक महीने में रोगसूचक संक्रमण को रोकने के लिए टीका केवल 41फिसदी प्रभावी रहा है। जबकि, गंभीर स्थिति में बचाव 91फीसदी तक कारगर रहा है। जानकारी के मुताबिक, इजराइल की 93 लाख की आबादी में से लगभग 57फीसदी को टीका लगाया जा चुका है। वहीं, देश में अभी करीब 160 लोग गंभीर लक्षणों के कारण अस्पताल में भर्ती हैं। साथ ही दैनिक संक्रमण का आंकड़े अब दो हजार से अधिक हो गए हैं, जो कुछ महीने पहले प्रति दिन के हिसाब से बहुत ही कम थे।

Edited By: Amit Kumar