मिडिल ईस्ट में बड़ा सैन्य संकट: सऊदी अरब के दो एयरपोर्ट पर हूती विद्रोहियों का बड़ा हमला, तीन घायल
सऊदी अरब और यमन के हूती विद्रोहियों के बीच संषर्घ बढ़ गया है। ईरान समर्थित हूती ने सऊदी के दो ...और पढ़ें

हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के दो एयरपोर्ट को बनाया निशाना
HighLights
हमलों में तीन लोग घायल, हवाईअड्डों को नुकसान भी पहुंचा
हूती विद्रोहियों ने तेल संयंत्रों, सैन्य ठिकानों पर भी किए हमले
रॉयटर, दुबई। सऊदी अरब और यमन के हूती विद्रोहियों के बीच संषर्घ बढ़ गया है। ईरान समर्थित हूती ने सऊदी के दो एयरपोर्ट को निशाना बनाया है, जिसमें तीन लोग घायल हो गए और एयरपोर्ट को भी नुकसान पहुंचा है।
ये हमले ऐसे समय किए गए हैं, जब सऊदी समर्थित यमन की सरकारी सेना ने हूती विद्रोहियों के कब्जे वाले क्षेत्रों को फिर से अपने नियंत्रण में लेने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान शुरू किया है। इस अभियान के समर्थन में सऊदी ने भी हवाई हमले तेज कर दिए हैं।
हूती विद्रोहियों ने इन हमलों के जवाब में सऊदी अरब में हवाईअड्डों, तेल संयंत्रों और सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने के लिए मिसाइल और ड्रोन से हमले किए। सऊदी विमानन अधिकारियों ने बताया कि जजान और नजरान में हवाईअड्डों पर सोमवार शाम हमले किए गए।
सऊदी अरब के नागरिक उड्डयन प्राधिकरण ने कहा कि किंग अब्दुल्ला बिन अब्दुलअजीज इंटरनेशनल एयरपोर्ट और नजरान इंटरनेशनल एयरपोर्ट को हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। यात्रियों और कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उपाय किए जा रहे हैं।
साथ ही नागरिक उड्डयन प्रणाली की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जा रही है। बता दें कि यमन के एक तिहाई हिस्से पर हूती का कब्जा है। इन इलाकों में यमन की करीब 80 प्रतिशत आबादी रहती है। इसके चलते हूती के पास एक लाख से ज्यादा लड़ाकों की फौज है।
आईएएनएस ने गल्फ न्यूज के हवाई से बताया कि सोमवार को हूती विद्रोहियों ने दक्षिणी सऊदी अरब में सैन्य ठिकानों और एयरपोर्ट समेत कई स्थानों पर हमले की जिम्मेदारी ली। जबकि सऊदी विदेश मंत्रालय ने नागरिकों और असैन्य व अरामको रिफाइनरी जैसे आर्थिक महत्व के स्थानों पर हमले की निंदा की है।
