विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

चीन में एआई का बुलबुला फूटा, चार महीने में 480 अरब डॉलर स्वाहा; शेयर मार्केट में उथल-पुथल

Published: Wed, 28 Oct 2026 03:01 AM (IST)

भारतीय शेयर बाजार में जारी गिरावट के बीच चीन से आई खबर दुनिया भर के निवेशकों के लिए चेतावनी है। ...और पढ़ें

चीन में एआई का बुलबुला फूटा, चार महीने में 480 अरब डॉलर स्वाहा

चीन में एआई का बुलबुला फूटा, चार महीने में 480 अरब डॉलर स्वाहा

HighLights

  1. स्टार50 सूचकांक जुलाई के शिखर से 40 प्रतिशत लुढ़का, एआई और चिप कंपनियों के शेयरों में भारी बिकवाली

  2. ऊंचे मूल्यांकन और अमेरिकी प्रतिबंधों की आशंका से निवेशकों का भरोसा डगमगाया, नई लिस्टिंग और पूंजी जुटाने पर संकट


रॉयटर, बीजिंग। भारतीय शेयर बाजार में जारी गिरावट के बीच चीन से आई खबर दुनिया भर के निवेशकों के लिए चेतावनी है। भारत में भी विदेशी निवेशकों की बिकवाली, महंगे कच्चे तेल और वैश्विक अनिश्चितता ने बाजार को दबाव में रखा है। कमोबेश ऐसी ही स्थितियों के बीच चीन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) कंपनियों के शेयरों में छाई तेजी अब बड़ी गिरावट में बदल गई है।

एआई और सेमीकंडक्टर कंपनियों के दबदबे वाला स्टार50 सूचकांक जुलाई के उच्चतम स्तर से चार महीने से भी कम समय में करीब 40 प्रतिशत टूट गया।

इससे बाजार मूल्य के करीब 480 अरब डॉलर साफ हो गए। ऊंचे मूल्यांकन, एआइ की मांग को लेकर चिंताओं और चीनी तकनीकी उत्पादों पर अमेरिकी प्रतिबंधों की आशंका ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है।

इस गिरावट ने चीन की उस कोशिश को भी झटका दिया है, जिसके तहत आम निवेशकों की बचत को तकनीकी क्षेत्र में निवेश के लिए आकर्षित किया जा रहा था। जून में शिखर पर पहुंचा देश का व्यापक ब्लू-चिप सूचकांक भी करीब 20 प्रतिशत नीचे आ चुका है।

निवेशकों के पसंदीदा शेयर आधे हुए

रोबोट निर्माता यूनिट्री के शेयर अगस्त में बाजार में सूचीबद्ध होने के बाद से करीब आधे रह गए हैं। चिप निर्माता सीएक्सएमटी के शेयर भी पिछले महीने में एक चौथाई से ज्यादा गिर चुके हैं। मेटाएक्स इंटीग्रेटेड सर्किट्स और मूर थ्रेड्स टेक्नोलाजी के शेयरों में भी जुलाई के बाद करीब 50 प्रतिशत की गिरावट आई है।

तेजी के दौरान इन कंपनियों में निवेशकों ने भारी पैसा लगाया था। अब नुकसान से घबराए कई छोटे निवेशक सुरक्षित परिसंपत्तियों की ओर रुख कर रहे हैं। इससे तकनीकी कंपनियों के लिए शेयर बाजार के जरिये पूंजी जुटाना मुश्किल हो सकता है।

अमेरिकी कंपनियों से अब भी महंगा बाजार

स्टार50 सूचकांक का मूल्यांकन पिछले वर्षों की कमाई के मुकाबले अब भी करीब 100 गुना है। यह अपने उच्चतम स्तर, करीब 250 गुना, से नीचे जरूर आया है, लेकिन अमेरिकी नैस्डैक-100 के लगभग 30 गुना मूल्यांकन से काफी ऊपर है।

विशेषज्ञों को आशंका है कि शेयरों में और गिरावट आ सकती है। विश्लेषकों के मुताबिक, अमेरिकी प्रतिबंधों का खतरा, डाटा सेंटरों में चीनी उपकरणों की आपूर्ति पर संभावित रोक और जरूरत से ज्यादा ऊंची कीमतों ने बिकवाली बढ़ाई है।

हालांकि, कुछ निवेशक गिरावट को खरीदारी का अवसर भी मान रहे हैं। चीन के निवेश जगत में अब यह चिंता बढ़ रही है कि एआई की उम्मीदों पर जरूरत से ज्यादा पैसा लगाने का खामियाजा पूरे बाजार को भुगतना पड़ सकता है। निवेशक वांग झुओ के शब्दों में, हर बुलबुला आखिरकार फूटता है।