ट्रंप का सामना कर बनाई वैश्विक पहचान, नोबेल और टाइम पर्सन ऑफ द ईयर की रेस में कार्नी का नाम
मार्क कार्नी को डोनल्ड ट्रंप का सामना करने के कारण 2026 के नोबेल शांति पुरस्कार और टाइम पर्सन ऑफ द ईयर के लिए संभावित उम्मीदवार माना जा रहा है।
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मार्क कार्नी 2026 नोबेल शांति पुरस्कार और टाइम पर्सन ऑफ द ईयर की दौड़ में।
HighLights
मार्क कार्नी 2026 नोबेल शांति पुरस्कार और टाइम पर्सन ऑफ द ईयर की दौड़ में।
ट्रंप का सामना कर वैश्विक पहचान बनाई, प्रिडिक्शन मार्केट में चर्चा।
मध्यम ताकतों को संप्रभुता रक्षा हेतु एकजुट होने का उनका संदेश।
डिजिटल डेस्क, टोरंटो। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप का डटकर सामना करने की वजह से मार्क कार्नी ने 2026 में अपनी वैश्विक पहचान बनाई है।
अगर कुछ प्रिडिक्शन -मार्केट ट्रेडर्स और उनके बड़े चाहने वालों की बात सही साबित होती है, तो कनाडा के प्रधानमंत्री साल के आखिर तक नोबेल शांति पुरस्कार और टाइम मैगजीन के पर्सन आफ द ईयर का सम्मान पा सकते हैं।
सोमवार को अमेरिकी प्रिडिक्शन मार्केट 'कालशी' पर कार्नी कुछ समय के लिए 2026 के नोबेल शांति पुरस्कार के लिए सबसे पसंदीदा उम्मीदवार बन गए थे, जब एक्सचेंज पर ट्रेडर्स ने उनके जीतने की संभावना 14 प्रतिशत बताई थी।
बाद में उनके जीतने की संभावना कम हो गई, जिससे इस तरह की सट्टेबाजी के बहुत ज्यादा अनिश्चित होने का पता चलता है। इस बात का कोई सार्वजनिक सबूत नहीं है कि कार्नी नोबेल कमेटी की उस गुप्त शार्टलिस्ट में शामिल हैं, जिसका ऐलान नौ अक्टूबर को नार्वे के ओस्लो में किया जाएगा।
कनाडाई नेता के प्रतिष्ठित शांति पुरस्कार जीतने की चर्चा उस संदेश को दिखाती है जिसने उनकी पहचान बढ़ाई है, मध्यम दर्जे की ताकतों को अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए एकजुट होना चाहिए, क्योंकि बड़ी ताकतें लगातार आर्थिक और सैन्य ताकत का इस्तेमाल कर रही हैं।
यह कहना मुश्किल है कि नोबेल कमिटी को यह बात पसंद आएगी या नहीं। लेकिन एक बात पक्की है, नोबेल और टाइम का सालाना अवार्ड ट्रंप पाने की इच्छा रखते हैं।
सोर्स-न्यूज एजेंसी एपी के इनपुट के अनुसार
