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नई दिल्ली [जागरण स्पेशल]। देश दुनिया में जिस तरह से आबादी की घनत्व बढ़ रहा है उस हिसाब से हरियाली और पेड़ों की संख्या लगातार कम होती जा रही है। कंक्रीट के जंगल बढ़ रहे हैं और हरियाली खत्म हो रही है। कभी खेतों में दिखने वाली हरियाली अब फ्लैटों के पार्कों और बालकनियों तक सिमटकर रह गई है। खेतों में बहुमंजिला इमारतें खड़ी हो गई है और पेड़ पौधे देखने के लिए नहीं मिलते हैं। जिन जगहों पर नेचुरल जंगल थे वहां पर प्राकृतिक आपदाएं आफत बनकर गिर रही हैं, ऐसे ही अमेजन के जंगल में आग लगी हुई है। इस आग ने अमेजन के जंगल को बड़े पैमाने पर नुकसान पहुंचाया है।

अमेरिका में 22 गुना अधिक है प्रति व्यक्ति पेड़ों की संख्या

एक सर्वे के दौरान ये सामने आया है कि पेड़ों के मामले में भारत का विश्व में नीचे से स्थान है। यहां प्रति व्यक्ति के लिए मात्र 28 पेड़ उपलब्ध है जबकि अमेरिका में प्रति व्यक्ति के लिए 699 पेड़ उपलब्ध है। इस तरह से यदि देखे तो भारत के मुकाबले अमेरिका में 22 गुना अधिक पेड़ लगे हुए हैं।

हरियाली के मामले में रुस नंबर-1 

आंकड़ों को देखें तो हरियाली के मामले रुस पहले नंबर पर आता है। यहां पर पेड़ पौधों की संख्या काफी अच्छी है। इन जगहों पर पेड़ों को काटने पर सख्त मनाही है, लगाए जाने के लिए लोगों को प्रेरित किया जाता रहता है। 

पड़ोसी देश भी इस मामले में बेहतर स्थान पर नहीं है 
यदि भारत के पड़ोसी देशों की बात करें तो इस मामले में चीन का स्थान थोड़ा सुधरा हुआ है मगर बाकी के देशों के हालात भी ठीक नहीं है। पाकिस्तान और बांग्लादेश के हालात में बहुत अधिक अंतर नहीं है, ये दोनों आसपास है। 

चीन-17753 (टाप-5, ग्लोबल रैंक)

श्रीलंका- 244 (नंबर-82)

पाकिस्तान-99 (नंबर-105)

बांग्लादेश-96 (नंबर-107)

प्रति स्कवायर मीटर पेड़ों की संख्या

श्रीलंका- 36,777 (नंबर-39, ग्लोबल रैंक)

चाइना-18883 (नंबर-86)

बांग्लादेश-6863 (नंबर-111)

पाकिस्तान- 1131 (नंबर-132)

प्रति व्यक्ति पेड़ों की संख्या(ट्री पर कैपिटा)

चाइना- 130, नंबर-94(ग्लोबल रैंक)

श्रीलंका- 118, नंबर-97

बांग्लादेश- 6, नंबर-137

पाकिस्तान- 5, नंबर-138

इन देशों में प्रति स्कवायर मीटर में लगे हैं अत्यधिक पेड़ 
कुछ देश ऐसे भी हैं जो अपने यहां हरियाली पर अधिक ध्यान दे रहे हैं, हर साल एक अभियान के तौर पर उनके यहां पौधे लगाए जाते हैं। इसमें सभी की भागीदारी ली जाती है। इसके अलावा अन्य संगठन भी यहां इसके लिए काम करते रहते हैं। ग्वाटेमाला, होंडुरस, जमैका, बोल्विया, पैरागुवे, एक्वाडोर जैसे देश प्रमुख हैं। यूरोप की बात करें तो एस्तोनिया, स्वीडन व फिनलैंड में भी हरियाली के लिए काम किया गया है।  

पेड़ के घनत्व में छोटे यूरोपीय देश शीर्ष पर हैं 
सात मध्य पूर्वी देशों में प्रति व्यक्ति एक से कम पेड़ हैं और UAE एकमात्र ऐसा देश है जिसके पास प्रति वर्ग किलोमीटर एक से कम पेड़ हैं। चूंकि UAE में रेत अधिक है इस वजह से वहां पर हरियाली अधिक नहीं दिखती है। उसके बाद भी वहां का प्रशासन हरियाली बढ़ाने के लिए काम कर रहा है।

नोट- ये सर्वे उन देशों पर किया गया है जिनका एरिया 10 हजार स्कवायर मीटर और आबादी एक लाख है, उन पर निकाले गए हैं। इस तरह के कुल 151 देशों को ध्यान में रखकर ये सर्वे किया गया है।  

Posted By: Vinay Tiwari

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