वाशिंगटन (एएनआई)। अमेरिका में एफबीआइ के पूर्व निदेशक जेम्स बी कोमी ने एबीसी को दिए एक साक्षात्कार में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर गहरे आरोप लगाए। ट्रंप और उनके बीच टकराव के बाद अपने पहले साक्षात्कार में कोमी ने ट्रंप पर इस तरह के तीखे हमले किए। साक्षात्कार में कोमी ने ट्रंप को झूठा कहा और साथ ही यह भी कहा कि वे महिलाओं को मीट के जैसे ट्रीट करते हैं।

कोमी ने ट्रंप के बारे में यह भी कहा कि जो भी उनके लिए काम करते हैं वे उनके लिए एक दाग की तरह हैं। कोमी यहीं नहीं रुके उन्होंने ट्रंप की तुलना एक माफिया बॉस की तरह की। उन्होंने ट्रंप को रूसी प्रॉस्टीट्यूट के साथ संबंध के चलते रूसी सरकार के द्वारा ब्लैकमेल किये जाने का आरोप भी लगाया।

कोमी ने आगे कहा कि ट्रंप ने राष्ट्र के नियमों को आग के जंगल की तरह जला कर रख दिया है। साक्षात्कार में कोमी ने आगे कहा, हमारे राष्ट्रपति को अपने राष्ट्र का सम्मान करना चाहिए जो देश की पहली प्राथमिकता है। सबसे महत्वपूर्ण सत्य का साथ देना है। लेकिन ये राष्ट्रपति ऐसा करने के काबिल नहीं हैं। वे नैतिक रूप से राष्ट्रपति पद के लायक नहीं हैं।

बताया जाता है कि कोमी का राष्ट्रपति ट्रंप पर आरोप एक किताब की शक्ल में आने वाला है, जिसका नाम है 'अ हायर लॉयल्टी' जो मंगलवार को रिलीज होने वाली है। किताब में उन्होंने आगे लिखा है कि, ट्रंप में नेतृत्व की क्षमता पारदर्शी नहीं है, उनकी नेतृत्व क्षमता ईगो वाली है और व्यक्तिगत फायदे वाली है।

आपको बता दें कि साक्षात्कार के घंटों पहले ट्रंप ने ट्विटर अकाउंट से कोमी को लेकर तीखे वार किये थे। उन्होंने एक के बाद एक ट्वीट कर कोमी की किताब को गलत समीक्षा वाला बताया, साथ ही कोमी को इतिहास के सबसे बुरे एफबीआइ निदेशक की भी संज्ञा दे डाली।

उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें अमेरिकी कांग्रेस के समक्ष झूठ बोलने और कुछ विशेष जानकारियों का खुलासा करने के आरोप में जेल में भी भेजा जा सकता है। ट्रंप ने अपने ट्वीट में लिखा- मैंने कोमी को कभी भी पर्सनल लॉयल्टी के बारे में नहीं कहा। मैं बमुश्किल से इस शख्स को जानता हूं। उनके अन्य झूठ की तरह उनके ये सभी आरोप भी फेक हैं। उन्होंने एक अन्य ट्वीट में लिखा, जेम्स कोमी एक ऐसे व्यक्ति हैं जो बिल्कुल भी स्मार्ट नहीं हैं और वे इतिहास में सबसे बुरे एफबीआइ निदेशक के रूप में जाने जाएंगे।

Posted By: Srishti Verma