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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 23, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bill Gates की दुनिया को नसीहत, 'भारत से सीखो कैसे चुनौतियों से पाएं पार', जानें क्यों बताया भविष्य की उम्मीद

By AgencyEdited By: Mahen Khanna
Published: Thu, 23 Feb 2023 10:28 AM (IST)

Bill Gates Blog on India बिल गेट्स ने अपने ब्लॉग गेट्स नोट्स में कहा कि भारत भविष्य के लिए आशा ...और पढ़ें

Bill Gates Blog on India बिल गेट्स ने भारत का तारीफ की।
Bill Gates Blog on India बिल गेट्स ने भारत का तारीफ की।

कैलिफोर्निया, एजेंसी। माइक्रोसॉफ्ट के कोफाउंडर और बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन के सह-अध्यक्ष बिल गेट्स ने भारत की तरक्की के कसीदे पढ़े हैं। बिल गेट्स ने अपने ब्लॉग "गेट्स नोट्स" में कहा कि भारत भविष्य के लिए आशा देता है और साबित करता है कि देश बड़ी समस्याओं को एक बार में हल कर सकता है। उन्होंने कहा कि जब दुनिया कई संकटों का सामना कर रही है, भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है।

दुनिया ले भारत से सीख

बिल गेट्स ने अपने ब्लॉग में कहा कि जलवायु परिवर्तन और वैश्विक स्वास्थ्य दोनों एक साथ जुड़े हुए विषय हैं, लेकिन जब भी इन समस्याओं के बारे में बात होती है तो यह सुनने में आता है कि एक ही समय में दोनों को हल करने के लिए पर्याप्त समय या संसाधन नहीं है। उन्होंने कहा कि मेरा मानना है कि सही नवाचारों और डिलीवरी चैनलों के साथ दुनिया एक साथ कई बड़ी समस्याओं को हल करने में सक्षम है और इसमें भारत से बेहतर कोई उदाहरण नहीं है।

भारत भविष्य के लिए आशा

गेट्स ने अपने ब्लॉग में कहा भारत मुझे भविष्य के लिए आशा देता है। यह दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला देश बनने वाला है, जिसका अर्थ है कि आप उन्हें बड़े पैमाने पर हल किए बिना वहां अधिकांश समस्याओं को हल नहीं कर सकते और फिर भी, भारत ने साबित कर दिया है कि यह बड़ी चुनौतियों से निपट सकता है। देश ने पोलियो का उन्मूलन किया, एचआईवी संचरण को कम किया, गरीबी को कम किया, शिशु मृत्यु दर में कमी आई और स्वच्छता और वित्तीय सेवाओं तक पहुंच में वृद्धि हुई।

डायरिया की सस्ती वैक्सीन बनाकर दिखाई 

माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक ने यह भी कहा कि भारत ने नवाचार के लिए एक विश्व-अग्रणी दृष्टिकोण विकसित किया है जो यह सुनिश्चित करता है कि समाधान उन लोगों तक पहुंचे जिन्हें उनकी आवश्यकता है। जब रोटावायरस वैक्सीन, जो डायरिया के कई घातक मामलों का कारण बनने वाले वायरस को रोकता है, हर बच्चे तक पहुंचने के लिए बहुत महंगा था, तो भारत ने खुद ही वैक्सीन बनाने का फैसला किया।

भारत ने टीकों को वितरित करने के लिए कारखाने बनाने और बड़े पैमाने पर वितरण चैनल बनाने के लिए विशेषज्ञों और फंडर्स (गेट्स फाउंडेशन सहित) के साथ काम किया। गेट्स ने कहा कि 2021 तक, 1 वर्ष के 83 प्रतिशत बच्चों को रोटावायरस के खिलाफ टीका लगाया गया था और ये कम लागत वाले टीके अब दुनिया भर के अन्य देशों में उपयोग किए जा रहे हैं।

अगले हफ्ते भारत दौरे पर आएंगे बिल गेट्स

अपने ब्लॉग में गेट्स ने यह भी जानकारी दी कि वह अगले हफ्ते भारत आ रहे हैं ताकि इनोवेटर्स और उद्दमियों के द्वारा किए जा रहे काम को देख सकें। उन्होंने कहा कि कुछ बड़ी चीजों पर काम किया जा रहा है जो दुनिया को जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने में मदद करेंगे, जैसे ब्रेकथ्रू एनर्जी फेलो विद्युत मोहन और उनकी टीम द्वारा दूरस्थ कृषि समुदायों में अपशिष्ट को जैव ईंधन और उर्वरक में बदलने के लिए किया जा रहा काम।