ताइपे, एजेंसी। अमेरिकी हाउस स्पीकर नैन्सी पेलोसी के ताइवान दौरे के लगभग दो सप्ताह के अंदर ही अमेरिकी सांसदों का एक प्रतिनिधिमंडल दो दिनों के लिए ताइवान का दौरा कर रहा है। नैन्सी पेलोसी के ताइवान दौरे के बाद अमेरिका और चीन के बीच तनाव काफी बढ़ गया था।

चीन ने जताई थी कड़ी आपत्ति

अमेरिकी हाउस स्पीकर नैन्सी पेलोसी के ताइवान दौरे के बाद चीन ने कड़ी प्रतिक्रिया जताते हुए ताइवान की सीमा पर मिसाइल, युद्धपोत और कई युद्धक विमान तैनात कर दिया था। ताइवान में अमेरिकन इंस्टीट्यूट ने बताया कि पांच सदस्यीय टीम का नेतृत्व मैसाचुसेट्स के डेमोक्रेटिक सेन एड मार्के कर रहे हैं।

इंस्टीट्यूट ने कहा कि दो दिवसीय दौरे पर आए प्रतिनिधिमंडल ताइवान के वरिष्ठ नेताओं के साथ मिलाकात कर अमेरिका-ताइवान संबंध, क्षेत्रीय सुरक्षा, व्यापार, निवेश और अन्य मुद्दों पर चर्चा करेगा।

प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति से करेगा मुलाकात

ताइवान के राष्ट्रपति कार्यालय ने कहा है कि आमेरिकी प्रतिनिधिमंडल सोमवार सुबह साई इंग वेन से मुलाकात करेगा। कार्यालय ने कहा है कि प्रतिनिधिमंडल ऐसे समय पर ताइवान आया है जब चीन का ताइवान के साथ लगातार तनाव बढ़ रहा है। प्रतिनिधिमंडल का आना ताइवान के लिए अमेरिका के समर्थन को दर्शाता है।

ताइवान कई देशों के संपर्क में

ताइवान के साथ चीन की बढ़ती तल्खी के बीच ताइवान सरकार ने रविवार को कहा कि वह अमेरिका, जापान और भारत सहित अन्य समान विचार वाले देश के साथ संपर्क बनाए हुए है और अपनी आत्म रक्षा के लिए सैन्य क्षमताओं को लगातार बढ़ा रहा है, जिससे ताइवान की सुरक्षा की जा सके। ताइवान ने कहा कि वह कई देशों के साथ संबंध बनाना चाहता है। चीन के द्वारा ताइवान के पास सैन्य अभ्यास करने से ताइवान के आंतरिक शांति और स्थिरता गंभीर रूप से बाधित हुई है।

ताइवान के विदेश मंत्री जोसेफ वू ने चीनी सैन्य अभ्यास की निंदा करते हुए कहा है कि चीन ताइवान की मौजूदगी को खत्म करना चाहता है। उन्होंने अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करते हुए पेलोसी की यात्रा के बाद चीनी की प्रतिक्रिया को खारिज किया है।

Edited By: Sonu Gupta