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बंगाल: सिदुली कोलियरी खदान में अचानक घुसा पानी, 500 फीट तक बहे दो श्रमिक; बाल-बाल बची जान

Published: Mon, 05 Oct 2026 10:20 AM (IST)

ईसीएल की सिदुली कोलियरी में अचानक पानी घुसने से उत्पादन ठप हो गया और दो श्रमिक 500 फीट तक बहने के बाद सुरक्षित निकाले गए।

सिदुली कोलियरी खदान में घुसा पानी।

सिदुली कोलियरी खदान में घुसा पानी।

जागरण संवाददाता, दुर्गापुर। ईसीएल के केंदा क्षेत्र की सिदुली कोलियरी में सोमवार तड़के अचानक पानी घुसने से अफरातफरी मच गई। पानी के तेज बहाव के कारण कोलियरी में उत्पादन पूरी तरह ठप हो गया। घटना के दौरान खदान के अंदर मौजूद एक माइनिंग सरदार और एक पंप खलासी भी फंस गए। हालांकि, दोनों श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और अस्पताल भेजा गया है।

घटना के बाद सिदुली कोलियरी के आसपास के इलाकों में भी स्थिति चिंताजनक हो गई। माझीपाड़ा और बाउरीपाड़ा इलाके में गैस निकलने तथा जमीन में कंपन महसूस होने की सूचना है। इससे स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई है। ईसीएल की टीम मौके पर पहुंचकर पूरी स्थिति का जायजा ले रही है।

लोगों को हुई सांस लेने में परेशानी

बताया जा रहा है कि कोलियरी के तीन नंबर चानक से तेज दबाव के साथ पानी गुब्बारे की तरह बाहर निकल रहा था। वहीं, दो नंबर चानक की डॉली नीचे भेजने पर दबाव के कारण नीचे नहीं जा पा रही थी। श्रमिकों के अनुसार, अचानक तेज झटके के साथ डॉली ऊपर की ओर चली गई।

श्रमिक नेता राजू राम ने बताया कि सोमवार सुबह दो नंबर माझीपाड़ा में गैस निकलने की सूचना मिली थी। इससे कुछ लोगों को सांस लेने में परेशानी हो रही थी। उन्होंने प्रबंधन को इसकी जानकारी दी। इसके बाद एजेंट को भी सूचना दी गई। इसी दौरान दो नंबर चानक से गैस निकलने और कंपन होने की बात सामने आई।
राजू राम के अनुसार, बाद में तीन नंबर चानक से तेज हवा के साथ अचानक पानी आने लगा। खदान में मौजूद दोनों श्रमिकों को काफी मशक्कत के बाद सुबह करीब पौने सात बजे बाहर निकाला गया। उनका दावा है कि पानी के तेज बहाव में दोनों श्रमिक बहते हुए करीब 500 फीट तक चले गए थे और किसी तरह अपनी जान बचाई।

यूनिट में ब्लास्ट होने की आशंका

श्रमिक नेता ने आशंका जताई कि जेके यूनिट के किसी स्तर पर एयर ब्लास्ट हुआ होगा। उनके मुताबिक, इसके कारण जलाशय की दीवार क्षतिग्रस्त होकर दो नंबर चानक की ओर गिरने लगी और उसके साथ कोयला तथा पत्थर भी नीचे जाने लगा।

स्थानीय श्रमिकों का कहना है कि कोलियरी से कुछ दूरी पर एक जलाशय है और उसके समीप एक ओसीपी का ओवरबर्डन जमा किया जा रहा है। आशंका जताई जा रही है कि ओवरबर्डन के दबाव के कारण जलाशय का पानी खदान में प्रवेश कर सकता है।

एक ईसीएल अधिकारी ने कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है। खदान में मौजूद दोनों श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। पानी किस स्थान से और किस कारण खदान में प्रवेश किया, इसकी जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।

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