कोलकाता, जागरण संवाददाता। कांग्रेस और माकपा के आह्वान पर भारत बंद के दिन वीरभूम जिले में तृणमूल के पार्टी कार्यालय में विस्फोट से पूरा इलाका थर्रा उठा। धमाका इतना तेज था कि कार्यालय की छत और दीवार उड़ गई। हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

तृणमूल की गुटबाजी के चलते कार्यालय में एकत्र किए गए देशी बमों से विस्फोट होने से हादसा होना बताया गया। पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है।

सूत्रों के अनुसार सोमवार पूर्वाह्न करीब साढ़े ग्यारह बजे कांकड़तला अंतर्गत बड़रा गांव में स्थित तृणमूल कांग्रेस पार्टी कार्यालय में तेज धमाका होने से लोगों में दहशत फैल गई। आसपास का इलाका काले धुंए से घिर गया। धमाके में कार्यालय की छत व दीवार उड़ गई।

सूचना पर पहुंची पुलिस ने घेराबंदी कर कार्यालय में तलाशी अभियान चलाया। बताया गया कि तृणमूल की गुटबाजी के चलते कार्यालय में एकत्र किए गए देशी बमों में विस्फोट हो जाने के कारण हादसा हुआ है। हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

सूत्रों की माने तो वर्ष 2013 में तृणमूल गुटों में हुए संघर्ष में स्थानीय तृणमूल नेता गुलाम साबिर कादिर की हत्या कर दी गई थी। इसके बाद कादिर की स्मृति में उक्त कार्यालय का निर्माण करवाया गया था। गांव में तृणमूल के दूसरे गुट का भी कार्यालय है। लेकिन नए पार्टी कार्यालय में कब्जा करने के लिए दोनों गुटों में लंबे समय से विवाद चला आ रहा है।

उधर, आगामी 14 सितंबर को बड़रा ग्राम पंचायत बोर्ड का भी गठन होना है। इसको लेकर भी कादिर और शेख असफार गुटों के बीच विवाद चल रहा है। पुलिस का अनुमान है कि नए कार्यालय में कब्जा करने के लिए दूसरे गुट ने बम रखवाया होगा।

एहतियातन गांव में भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है। उधर, वीरभूम जिला तृणमूल अध्यक्ष अनुब्रत मंडल ने घटना के पीछे भाजपा पर आरोप लगाया है। कहा कि झारखंड से घुसे भाजपा समर्थकों ने ही बम से हमला कर पार्टी कार्यालय को उड़ा दिया है। 

Posted By: Preeti jha