जागरण संवाददाता, कोलकाता : उत्तर कोलकाता के टाला ब्रिज पर भारी वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध के बाद यहां से गुजरने वाली बसों के लिए वैकल्पिक मार्ग का खाका तैयार किया गया था। लेकिन यह यात्रियों को खासा रास नहीं आ रहा। वैकल्पिक मार्ग से गंतव्य तक पहुंचने में उन्हें कई दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

दूसरी ओर यहां से गुजरने वाली नौ रूटों के बसों को बंद करने से यात्रियों की परेशानी और बढ़ गई। हालांकि मंगलवार को इन रूटों की बस सेवा शुरू कर दी गई है। लेकिन यात्रियों की परेशानी कम नहीं हुई। यात्रियों के एक वर्ग का कहना है कि टाला ब्रिज से गुजरने वाली बसों के लिए वैकल्पिक मार्ग तो तैयार कर दिया गया है लेकिन इससे परेशानी और बढ़ गई है। जिस गंतव्य तक पहुंचने में उन्हें चंद मिनट लगते थे अब वहां पहुंचने के लिए घंटों लग रहे हैं। उल्लेखनीय है कि टाला ब्रिज के स्वास्थ परीक्षण के बाद इसे खतरनाक घोषित किया गया था। जांच दल ने मरम्मत के बजाय तोड़ने की सलाह दी थी। वहीं सेतु के जर्जर हालत को लेकर राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व में हुई उच्च स्तरीय बैठक में टाला ब्रिज पर भारी वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगा दिया गया था।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस