नंदीग्राम उपचुनाव: कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को SC से राहत, अंतरिम जमानत पर दखल से इनकार
सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के उस आदेश में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया है, जिसके तहत कांग्रेस के नंदीग्राम उपचुनाव उम्मीदवार मिलन प्रधान को अंतरिम जमानत मिली थी।

सुप्रीम कोर्ट ने मिलन प्रधान की अंतरिम जमानत में हस्तक्षेप से इनकार किया
HighLights
सुप्रीम कोर्ट ने मिलन प्रधान की अंतरिम जमानत में हस्तक्षेप से इनकार किया
कलकत्ता हाईकोर्ट ने नंदीग्राम उपचुनाव उम्मीदवार को अंतरिम जमानत दी थी
बंगाल सरकार को जमानत विस्तार पर पक्ष रखने की छूट मिली
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के उस आदेश में हस्तक्षेप करने से इन्कार कर दिया है, जिसके तहत कांग्रेस के नंदीग्राम उपचुनाव उम्मीदवार मिलन प्रधान को चुनाव प्रचार के लिए अंतरिम जमानत दी गई थी।
प्रधान न्यायाधीश (सीजेआइ) सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जोयमाल्या बागची तथा वी. मोहना की पीठ ने स्पष्ट किया कि नंदीग्राम सीट पर उपचुनाव छह अक्टूबर को संपन्न हो चुका है और नौ अक्टूबर को मतगणना होनी है।
कोर्ट ने कहा कि हालांकि प्रधान के खिलाफ कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं, लेकिन उन्हें यह अंतरिम जमानत मुख्य रूप से चुनाव लड़ने और मतगणना में भाग लेने के लिए दी गई थी।
हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने बंगाल सरकार को यह छूट दी है कि यदि प्रधान अंतरिम जमानत बढ़ाने की मांग करते हैं, तो सरकार हाइकोर्ट के समक्ष अपना पक्ष रख सकती है।
कलकत्ता हाईकोर्ट ने 2007 के नंदीग्राम भूमि अधिग्रहण आंदोलन के दौरान दर्ज छह मामलों (हत्या, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट) में प्रधान को 29 सितंबर को 20 हजार रुपये के मुचलके पर 20 अक्टूबर तक की अंतरिम जमानत दी थी और उन्हें 21 अक्टूबर को सरेंडर करने का निर्देश दिया था।
(न्यूज एजेंसी पीटीआई के इनपुट के साथ)
