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बंगाल:मायापुर इस्कॉन में बंगाली भाषा पर विवाद, बांग्ला बोलने का अनुरोध करने पर प्रवासी पर्यटकों से बदसलूकी का आरोप

Published: Fri, 09 Oct 2026 11:07 PM (IST)

नदिया जिले के मायापुर इस्कॉन में प्रवासी बंगाली पर्यटकों के साथ कथित दुर्व्यवहार का मामला सामने आया है, जब उन्होंने हिंदी के बजाय बांग्ला में बात करने का अनुरोध किया।

मायापुर इस्कॉन में भाषा विवाद

मायापुर इस्कॉन में भाषा विवाद

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राज्य ब्यूरो, कोलकाता। नदिया जिले के मायापुर इस्कॉन में प्रवासी बांग्ला भाषी पर्यटकों के साथ कथित दुर्व्यवहार का मामला सामने आया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विवाद शुरू हो गया है।

पर्यटक परिवार का आरोप है कि बांग्ला में बात करने का अनुरोध करने पर वहां मौजूद एक व्यक्ति ने उनके साथ रूखा व्यवहार किया। शिकायत लेकर कार्यालय पहुंचने पर भी उन्हें अपमानित किया गया और मारपीट की कोशिश हुई। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि जिन लोगों पर दुर्व्यवहार का आरोप है, वे इस्कॉन से जुड़े हैं या नहीं। इस मामले पर इस्कॉन प्रबंधन की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।

वायरल वीडियो के अनुसार, घटना सात अक्टूबर की है। एक परिवार के नौ सदस्य मायापुर इस्कान घूमने पहुंचे थे। परिवार की बेटी, दामाद और उनके दो बच्चे ऑस्ट्रेलिया में रहते हैं। परिवार का दावा है कि उन्होंने गोवर्धन भवन से प्रति व्यक्ति 50 रुपये के हिसाब से नौ लोगों के भोग प्रसाद के कूपन भी लिए थे। परिसर घुमाने वाला व्यक्ति हिंदी में बात कर रहा था।

परिवार ने उससे बांग्ला में बात करने का अनुरोध किया, क्योंकि आस्ट्रेलिया में रहने वाले बच्चे बांग्ला और अंग्रेजी समझते हैं, हिंदी नहीं। आरोप है कि इस अनुरोध पर व्यक्ति नाराज हो गया और उसने परिवार को वहां से चले जाने को कहा।

शिकायत के दौरान भी दुर्व्यवहार का आरोप

परिवार के अनुसार, सुरक्षा गार्डों के कहने पर वे शिकायत लेकर कार्यालय पहुंचे। वहां पहले एक व्यक्ति ने गलती होने पर खेद जताने और वीडियो मिलने पर वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी देने की बात कही। लेकिन बाद में पहुंचे एक अन्य व्यक्ति पर पर्यटकों को अपमानित करने का आरोप है।

परिवार का दावा है कि कार्यालय से निकलते समय एक व्यक्ति ने मारपीट करने की कोशिश की और सोशल मीडिया पर साझा वीडियो हटाने का दबाव भी बनाया। पर्यटकों ने मामले में उचित कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, वीडियो की सत्यता और आरोपितों के इस्कान से संबंध की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।