कोलकाता, राजीव कुमार झा। दक्षिण बंगाल फ्रंटियर अंतर्गत सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) सीमा पर हो रहे अपराधों जैसे नशीले पदार्थों की तस्करी, गौ तस्करी, मानव तस्करी, अवैध घुसपैठ आदि को रोकने के साथ-साथ सीमावासियों के हर सुख -दुख में भी साथ देती है। लगातार सिविक एक्शन प्रोग्राम के तहत भी जरूरतमंद लोगों को ज्यादा से ज्यादा सामान और दवाई वितरण आदि कर वे हर मुश्किल घड़ी में सीमावासियों के साथ रहते हैं। इसके अलावा सीमावर्ती क्षेत्र के युवाओं को खेल के प्रति प्रोत्साहित करने के लिए बीएसएफ खेलों के समान का वितरण के साथ समय- समय पर खेल-कूद प्रतियोगिताओं का भी आयोजन कराती रहती है। इतना ही नहीं इन सबके अलावा बीएसएफ सीमावर्ती क्षेत्र के छात्रों व युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की भी तैयारी करा रही है।

इसी तरह का एक सराहनीय कदम मुर्शिदाबाद जिले में तैनात बीएसएफ की 35वीं वाहिनी ने उठाया है। 35वीं वाहिनी सीमावर्ती छात्रों को एसएससी कांस्टेबल व अन्य प्रतियोगी परीक्षा की शारीरिक दक्षता चरण की तैयारी करा रही है। दरअसल, सीमा पर रह रहे लोगों के सामने अक्सर पैसे ,अच्छे स्कूल व अच्छे मार्गदर्शन का अभाव रहता है। जिस कारण ये बच्चे आज के दौर में बाकी बच्चों से काफी पिछड़ रहे हैं। इस बात को ध्यान में रखते हुए बीएसएफ की 35वीं वाहिनी की सीमा चौकी कानापारा के जवानों ने इन बच्चों का भविष्य संभालने के लिए इनको सीमा चौकी में ही कोचिंग की समुचित व्यवस्था की। जिसमें इन बच्चों को लिखित परीक्षा से लेकर उनके चयन होने तक का प्रोग्राम बनाया गया। जिसमें इन बच्चों को गणित, तार्किकी, अंग्रेजी तथा कंप्यूटर की क्लासेज दी गई। इसके अलावा इन बच्चों के नैतिक मूल्यों पर भी जोर दिया गया।

इन बच्चों की लिखित परीक्षा आयोग द्वारा ले ली गई है। अब आयोग द्वारा कुछ समय बाद शारीरिक दक्षता की परीक्षा ली जाएगी। जिसमें बच्चों को पैरामिलिट्री फोर्स के शारीरिक मापदंडों के अनुसार शारीरिक परीक्षा पास करनी होगी। सीमा चौकी कानापारा में शारीरिक दक्षता की तैयारी भी कराई जा रही है। बीएसएफ के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि शारीरीक प्रशिक्षण की तैयारी में लगभग 113 युवा हिस्सा ले रहे हैं, जिनमें 100 लड़के व 13 लड़कियां शामिल हैं।

लिखित परीक्षा नवंबर में हुई थी संपन्न, अब होगी शारीरिक दक्षता की परीक्षा

कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) पहले ही सीएपीएफ की प्रथम चरण की लिखित परीक्षा संपन्न करा चुकी है। इस परीक्षा में अंतिम चयन के लिए शारीरिक परीक्षा भी पास करनी जरूरी होती है। जिसमे दौड़, ऊंची कूद, लंबी कूद आदि शामिल हैं।बीएसएफ के जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि सीमावर्ती छात्रों के उज्जवल भविष्य के लिए बीएसएफ हरसंभव कोशिश कर रही है। इसी क्रम में बीएसएफ ने पहले युवाओं को लिखित परीक्षा की तैयारी कराई। लिखित परीक्षा संपन्न होने के बाद अब शारीरिक दक्षता की तैयारी बीएसएफ द्वारा कराई जा रही है। इसके प्रति युवाओं का जोश देखने लायक है। 

Edited By: Priti Jha