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'कारणों पर बाद में होगी बात, अभी जान बचाना प्राथमिकता'; कोलकाता भगदड़ पर बोले कुणाल घोष

Published: Sat, 17 Oct 2026 10:45 PM (IST)Updated: Sat, 17 Oct 2026 10:47 PM (IST)

कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में सप्तमी की शाम भगदड़ मचने से 18 लोगों की मौत हो गई है। ...और पढ़ें

कोलकाता में दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ (फोटो-PTI)

कोलकाता में दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ (फोटो-PTI)

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डिजिटल डेस्क, कोलकाता। कोलकाता के चोरबागान सार्वजनिन दुर्गापूजा पंडाल में सप्तमी की शाम पंडाल में उमड़ी भारी भीड़ के बीच मची भगदड़ में 17 लोगों की मौत हो गई है, जबकि दो दर्जन से ज्यादा लोग घायल हैं।

घायलों को तुरंत मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया गया है, जहां कई लोगों की हालत गंभीर बनी हुई है। हादसे में मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।

तेज बारिश के चलते हादसे की आशंका

घटना के समय बाहर तेज बारिश हो रही थी। बारिश के बीच पंडाल में दर्शनार्थियों की भीड़ बढ़ने से स्थिति बिगड़ गई। बताया जा रहा है कि पंडाल का ढांचा टूटने के कारण भी यह हादसा हुआ हो सकता है। घटना के बाद पूजा पंडाल की रोशनी बंद कर दी गई और बाहर निकलने के रास्ते भी बंद कर दिए गए। हालांकि, अभी तक घटना के असली कारणों की पुष्टि नहीं हो पाई है।

घटना की जानकारी मिलने के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी अस्पताल पहुंचे हैं। मुख्यमंत्री ने घटनास्थल का भी दौरा किया। उन्होंने क्लब के सभी सदस्यों को थाने बुलाने का निर्देश दिया है।

कुणाल घोष ने की मदद की अपील

घटना पर दुख व्यक्त करते हुए टीएमसी नेता कुणाल घोष ने कहा कि यह एक बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना है और इस समय उनकी पहली प्राथमिकता लोगों की जान बचाना है। उन्होंने कहा वहां मौजूद कुछ श्रद्धालुओं को मेडिकल कॉलेज ले जाने का काम चल रहा है।

यह घटना कैसे या क्यों हुई, इस पर बाद में बात की जा सकती है, लेकिन अभी हमारी प्राथमिकता लोगों की जान बचाना है। हम पुलिस प्रशासन से अपील करते हैं, हमारे कार्यकर्ता सहयोग कर रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि, अस्पतालों में मेडिकल स्टाफ की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए। हम पुलिस के साथ सहयोग कर रहे हैं। पंडाल के अंदर अभी भी राहत और बचाव कार्य किए जाने की जरूरत है। हम स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। पूजा के समय यह एक बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण घटना है।