'लिफाफा' चुनाव चिन्ह वापस पाने के लिए हाई कोर्ट पहुंची ISF, नौशाद सिद्दीकी ने दायर किया मामला
आईएसएफ ने अपने 'लिफाफा' चुनाव चिन्ह को दूसरे दल को आवंटित करने के चुनाव आयोग के फैसले को कलकत्ता हाई ...और पढ़ें

(नौशाद सिद्दीकी, फाइल फोटो- सोशल मीडिया)
HighLights
आईएसएफ ने 'लिफाफा' चुनाव चिन्ह आवंटन पर हाई कोर्ट में चुनौती दी
नौशाद सिद्दीकी ने चुनाव आयोग के फैसले के खिलाफ याचिका दायर की
उपचुनाव से पहले मामले की जल्द सुनवाई का अनुरोध किया गया
राज्य ब्यूरो, कोलकाता । ‘लिफाफा’ चुनाव चिन्ह को लेकर इंडियन सेक्युलर फ्रंट (आईएसएफ) ने कलकत्ता हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। पार्टी की ओर से उसके एकमात्र विधायक नौशाद सिद्दीकी ने चुनाव आयोग के फैसले को चुनौती देते हुए सोमवार को हाई कोर्ट में मामला दायर किया।
मामला न्यायमूर्ति कृष्णा राव की पीठ में दायर किया गया है। आईएसएफ की ओर से उपचुनाव से पहले मामले की जल्द सुनवाई का अनुरोध किए जाने की संभावना है।
चुनाव आयोग ने हाल में ‘लिफाफा’ चुनाव चिन्ह गणतांत्रिक तृणमूल कांग्रेस को आवंटित किया है। यही चुनाव चिन्ह आईएसएफ के पास 2021 से है और पार्टी इसी से चुनाव लड़ती रही है।
आयोग के फैसले के बाद नौशाद ने पत्र लिखकर आपत्ति जताई थी। बाद में आयोग ने दोनों दलों के बीच चुनाव चिन्ह को लेकर विवाद के चलते आईएसएफ को वैकल्पिक चुनाव चिन्ह ‘अलमारी’ आवंटित कर दिया।
आईएसएफ का सवाल है कि उसका पंजीकृत चुनाव चिन्ह किसी दूसरे दल को कैसे आवंटित किया गया। इसी मुद्दे को लेकर पार्टी ने हाई कोर्ट में मामला दायर किया है।
उपचुनाव से पहले जल्द सुनवाई की कोशिश
नौशाद ने याचिका में नंदीग्राम में एक नए राजनीतिक दल को अचानक मान्यता मिलने और उसे ‘लिफाफा’ चुनाव चिन्ह दिए जाने पर भी सवाल उठाया है। छह अक्टूबर को नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर उपचुनाव होना है।
ऐसे में आईएसएफ चुनाव चिन्ह के मामले में जल्द सुनवाई चाहता है। हालांकि, हाई कोर्ट में मामले की सुनवाई की तारीख अभी तय नहीं हुई है।
