कोलकाता: चोरबागान हादसे के बाद मंडप के बाहर हुई लक्खी पूजा, पुलिस ने दी इजाजत
चोरबागान हादसे के बाद, पुलिस की अनुमति से सार्वजनिक रूप से कोजागरी लक्खी पूजा का आयोजन किया गया, लेकिन सुरक्षा कारणों से मूर्ति को मंडप के बाहर रखा गया।

चोरबागान हादसे के बाद मंडप के बाहर हुई लक्खी पूजा। (आईएएनएस)
HighLights
चोरबागान हादसे के बाद कोजागरी लक्खी पूजा का आयोजन।
सुरक्षा कारणों से मूर्ति को मंडप के बाहर स्थापित किया गया।
पुलिस की कड़ी निगरानी में भीड़ को नियंत्रित किया गया।
डिजिटल डेस्क, कोलकाता। चोरबागान में हुए दुखद हादसे के जख्म अभी भी ताजा हैं। उस माहौल में, रविवार को पुलिस की इजाजत से चोरबागान में सार्वजनिक रूप से कोजागरी लक्खी पूजा का आयोजन किया गया। हालांकि, इस बार नियमों को बनाए रखने के लिए मुख्य दुर्गा पूजा हॉल के अंदर नहीं, बल्कि बाहर मां की मूर्ति रखकर पूजा का आयोजन किया गया।
मालूम हो कि सप्तमी की शाम चोरबागान पूजा मंडप में मची भगदड़ के कारण हादसे में 19 लोगों की जान चली गई थी। इस घटना के बाद से, पूजा के आयोजन, सुरक्षा और मंडप के आने-जाने के रास्तों को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं।
पुलिस सूत्रों का दावा है कि एग्जिट गेट के पास स्टॉल लगाने की परमिशन नहीं थी। हादसे के बाद भी पूजा कमिटी की भूमिका पर कई सवाल उठ रहे हैं। हालात को ध्यान में रखते हुए इस बार लक्खी पूजा के दौरान खास सावधानी बरती गई है। मूर्ति को मंडप के बाहर रखा गया है। पूरे इलाके में पुलिस की सुरक्षा है। आने वालों को नियंत्रित रखने के लिए बाहर बैरिकेड्स भी लगाए गए थे।
