विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

बंगाल: चोरबागान हादसे से लिया सबक, कालीपूजा से छठ तक सुरक्षा के लिए हर जिले में एक मंत्री करेंगे निगरानी

Published: Thu, 29 Oct 2026 12:03 AM (IST)

बंगाल सरकार ने कोलकाता के चोरबागान पूजा पंडाल में हुई भगदड़ से सबक लेते हुए आगामी त्योहारों के लिए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।

चोरबागान भगदड़ के बाद बंगाल सरकार ने सुरक्षा बढ़ाई

चोरबागान भगदड़ के बाद बंगाल सरकार ने सुरक्षा बढ़ाई

timer icon

समय कम है?

जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

संक्षेप में पढ़ें

राज्य ब्यूरो, कोलकाता। दुर्गापूजा के दौरान कोलकाता के चोरबागान पूजा पंडाल में हुई भगदड़ की घटना से सबक लेते हुए बंगाल सरकार ने आगामी त्योहारों की सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने की तैयारी की है।

मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बुधवार को राज्य सचिवालय नवान्न में हुई कैबिनेट की बैठक में निर्देश दिया कि कालीपूजा से लेकर जगद्धात्री पूजा और छठ पूजा तक प्रत्येक जिले की सुरक्षा तैयारियों की निगरानी एक मंत्री करेंगे।

बड़े जिलों में जरूरत के अनुसार दो मंत्रियों को भी जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है। मंत्रियों को जिला प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर सुरक्षा और आयोजन से जुड़े इंतजामों पर नजर रखने को कहा गया है।

चोरबागान भगदड़ के बाद बंगाल सरकार ने सुरक्षा बढ़ाई

कैबिनेट बैठक के ठीक बाद मुख्यमंत्री ने नवान्न सभागार में कालीपूजा, जगद्धात्री पूजा और छठ के दौरान सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक निगरानी सुनिश्चित करने को लेकर उच्चस्तरीय बैठक भी की। इसमें मंत्रियों को जिलों की जिम्मेदारी सौंपी।

बैठक के बाद संवाददाता सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि प्रत्येक जिले में एक मंत्री तैयारियों पर नजर रखेंगे, जबकि बड़े जिलों में जरूरत के अनुसार दो मंत्रियों को भी जिम्मेदारी दी जा सकती है। बैठक में संबंधित जिलों के जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक भी वर्चुअल माध्यम से जुड़े।

मुख्यमंत्री ने आगामी त्योहारों के दौरान चोरबागान जैसी घटना की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रशासन को सतर्क रहने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि त्योहारों के आयोजन में कोई बाधा नहीं डाली जाएगी, लेकिन आयोजकों को सुरक्षा और पर्यावरण संबंधी नियमों का पालन करना होगा।

उन्होंने स्पष्ट किया कि स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार इंतजाम किए जाएंगे। शहरी क्षेत्रों में पुलिस और नगरपालिकाएं, जबकि ग्रामीण इलाकों में पंचायतें आवश्यक व्यवस्था करेंगी।

नैहाटी, बारासात और छठ घाटों पर विशेष निगरानी

मुख्यमंत्री ने उत्तर 24 परगना जिले के जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक और बैरकपुर पुलिस कमिश्नरेट को कालीपूजा के दौरान विशेष सुरक्षा व्यवस्था करने का निर्देश दिया। जिले के नैहाटी और बारासात में बड़े स्तर पर कालीपूजा आयोजित होती है, इसलिए इन क्षेत्रों में भीड़ प्रबंधन और कानून-व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने को कहा गया है।

छठ पूजा के मद्देनजर कूचबिहार, जलपाईगुड़ी, आसनसोल, बैरकपुर औद्योगिक क्षेत्र और कोलकाता में घाटों की सफाई तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने खतरनाक घाटों की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि पश्चिम बर्द्धमान जिले में कुछ स्थानों पर अवैध बालू खनन के कारण घाट असुरक्षित हो गए हैं।

प्रशासन को ऐसे घाटों का निरीक्षण कर आवश्यक सुरक्षा उपाय करने को कहा गया है। वहीं, जगद्धात्री पूजा को लेकर हुगली के चंदननगर और नदिया जिलों के अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। सरकार का जोर भीड़ नियंत्रण, सुरक्षित आवागमन और पूजा आयोजनों के दौरान प्रशासनिक समन्वय बनाए रखने पर है।

पटाखे जलाने के लिए नई एसओपी की घोषणा आज

वहीं, कालीपूजा के दौरान पटाखे जलाने को लेकर राज्य सरकार ने नई मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) तैयार की है। मुख्यमंत्री ने बताया कि गुरुवार को राज्य की गृह सचिव संघमित्रा घोष इसकी घोषणा करेंगी। इसके तहत सुरक्षा और पर्यावरण संबंधी निर्देशों को ध्यान में रखते हुए पटाखों के इस्तेमाल से जुड़े नियम स्पष्ट किए जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने दुर्गापूजा का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह दुर्गापूजा के आयोजन में बाधा नहीं डाली गई, उसी तरह आगामी धार्मिक त्योहार भी निर्धारित नियमों के तहत आयोजित किए जा सकेंगे।

निकाय चुनाव की तारीखों पर मुख्यमंत्री की भूमिका नहीं

वहीं, राज्य में प्रस्तावित निकाय चुनाव की तारीखों से जुड़े सवाल पर शुभेंदु ने कहा कि इसमें उनकी कोई भूमिका नहीं है। उन्होंने बताया कि संबंधित राज्य चुनाव आयोग के आयुक्त कृष्ण गुप्ता और शहरी विकास एवं नगरपालिका मामलों के विभाग के प्रधान सचिव आयोग को आवश्यक जानकारी देंगे। चुनाव की तारीखों और संबंधित प्रक्रिया में देशभर में लागू दिशा-निर्देशों का पालन किया जाएगा।