जागरण संवाददाता, खड़गपुर : पश्चिम मेदिनीपुर जिला अंतर्गत राजनीतिक हलकों में जिला परिषद गठन के बाद शासक दल टीएमसी के भीतर नए समीकरण उभरने के संकेत मिलने लगे हैं। नए पदाधिकारियों के लिए परिस्थितियों से तालमेल स्थापित कर पाना चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है।

बता दें कि लंबी अनिश्चतता के बाद जिला परिषद पदाधिकारियों का चयन बुधवार को हो गया और टीएमसी नेतृत्व ने पूर्व अध्यक्ष उत्तरा ¨सह हाजरा और उपाध्यक्ष अजीत माईती को ही फिर से दायित्व सौंपा। जिला परिषद पूरी तरह से विरोधी शून्य है, लेकिन पूर्व के बनिस्बत नए परिषद का कार्यकाल काफी चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि लोकसभा चुनाव नजदीक है और एक ओर जहां भाजपा राजनीतिक हलकों में अपनी ताकत बढ़ाने की चेष्टा में है, वहीं छोटे-मोटे दलों में भी लामबंदी तेज होती जा रही है, जबकि 2013 में हुए पिछले पंचायत चुनाव के बाद परिस्थितियां ऐसी नहीं थी। इसे देखते हुए पार्टी के भीतर नए समीकरण उभरने के संकेत मिल रहे हैं। संभावना जताई जा रही है कि परिषद नेतृत्व से अलग हाईकमान कुछ नए नेताओं को आने वाले चुनावों का सामना करने के लिए जिम्मेदारी सौंप सकता है। टीएमसी जिलाध्यक्ष सह जिप उपाध्यक्ष अजीत माईती ने कहा कि अंतिम व्यक्ति तक खुशहाली पहुंचाना ही हमारा लक्ष्य है और हम इसी उद्देश्य के तहत राजनीतिक गतिविधियां चलाएंगे।

Posted By: Jagran