जासं, जलपाईगुड़ी: एशियन गेम्स-2018 में स्वप्ना के सोना जीतने के बाद पाठ्य पुस्तक में भी बदलाव की संभावना है। माध्यमिक शिक्षा पर्षद के आठवीं कक्षा के स्वास्थ्य व शिक्षा के विषय में स्वप्ना के जीवन के बारे में पढ़ाया जा रहा है। उच्च कक्षाओं में स्वप्ना के जीवन के बारे में पढ़ाए जाने की मांग की जाने लगी है। उक्त मांग स्वप्ना के खेल शिक्षक विश्वजीत मजूमदार ने की है। गत कुछ वर्ष पहले ही स्वप्ना की जीवन कहानी को पाठ्य पुस्तक में शामिल किया गया था। स्वप्ना के सोना जीतने के बाद अब पाठ्य पुस्तक में बदलाव जरूर होगी।

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