जागरण संवाददाता सिलीगुड़ी : हाल ही में प्रकाशित ऑल इंडिया ज्वाइंट एंट्रेंस एग्जाम के परीक्षा परिणाम घोषित होने के बाद डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया की ओर से डेंटल के विद्यार्थियों के लिए जारी की गई सूची में उत्तर बंगाल डेंटल कॉलेज और अस्पताल का नाम नहीं है, इससे इस कॉलेज में प्रथम वर्ष में नामाकन की प्रक्रिया ठप हो गई है। उत्तर बंगाल कॉलेज और अस्पताल के अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार जो सूची जारी की गई है उसमें कॉलेज का नाम नहीं है। डेंटल कॉलेज में 50 सीट बढ़ाने के लिए आवेदन किया गया था, उसे भी खारिज कर दिया गया है। डीसीआइ के इस निर्णय से डेंटल कॉलेज में अनिश्चितता का माहौल कायम हो गया है। डीसीआइ द्वारा अनुमोदन नहीं मिलने की बात उत्तर बंगाल डेंटल कॉलेज प्रशासन ने भी स्वीकार किया है। कॉलेज प्रशासन का कहना है कि व्यवस्था ठीक नहीं होने का हवाला देते हुए अनुमोदन नहीं दिया गया है। इस तरह से फिलहाल नामाकन की प्रक्रिया रोक दी गई है। स्टेट ज्वाइंट एंट्रेंस एग्जाम का परिणाम निकलने के बाद अगर अनुमति मिलती है नामाकन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस बारे में चिकित्सा शिक्षा निदेशक डॉ देवाशीष भट्टाचार्य का कहना है कि डीसीआइ वे संपर्क में हैं, उम्मीद करते हैं कि उत्तर बंगाल डेंटल कॉलेज और हॉस्पिटल में नामाकन की अनुमति मिल जाएगी। उन्होंने कहा कि डेंटल कॉलेज के ढाचागत व्यवस्था को सुदृढ़ करने व कमियों को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि नामाकन को लेकर कोई समस्या नहीं होगी।

By Jagran