बाजारों में आया यहां के निर्मित घड़ा व सुराही, लोगों में बढ़ी मांग

जागरण संवाददाता, सिलीगुड़ी :पूर्वोतर भारत के प्रवेशद्वार सिलीगुड़ी में पिछले एक सप्ताह से मौसम में उतार-चढ़ाव तेजी से देखा गया। पहले गर्मी का अहसास हुआ, तो लोगों ने ऊनी वस्त्रों को पहनना छोड़ दिया। लेकिन इसके बाद अचानक शीत लहरों का प्रभाव बढ़ गया। होली बाद पिछले दो दिनों से गर्मी ने तेजी से दस्तक दे दी है। ऐसे में हैंडपंपों पर प्यास बुझाने को लोगों की लाइन जुटने लगी है। उधर, गरीबों का फ्रिज कहे जाने वाला घड़ा और सुराही माटीगाड़ा बाजार में बड़ी संख्या में बिकने लगे हैं। इसके ग्राहक सेना और सुरक्षा बलों के जवान और उनका परिवार होता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस बार गर्मी के मौसम में तापमान आसमान छुएगा। इस बारे में पूछे जाने पर इन लोगों ने तर्क दिया कि मौसम व्यवस्थित ढंग से चल रहा है। इन लोगों का मानना है कि गर्मी के मौसम में तापमान भरपूर रहेगा। नैफ के संयोजक अनिमेष बोस का कहना है कि जल स्तर नीचे गिरने और जलस्त्रोत कम होने से पानी की दिक्कतें आएंगीं। इस दौरान शीतलता प्रदान करने वाले संसाधनों को लोग अधिक से अधिक अपनाएंगे। पंखे, एसी, प्रिज, कूलर की बिक्री बढ़ेगी। उधर गरीबों का फ्रिज माने जाने वाले घड़ा, सुराही आदि की बिक्री भी बड़े पैमाने पर होगी। गर्मी की दस्तक के साथ अभी से घड़ा व सुराही आदि बाजारों में बिकने लगे हैं। यह शहर के विधानमार्केट महावीर स्थान, खपरैल समेत हिल्स व पहाड़ों के दुकानों में घड़ा, सुराही आदि की बिक्री धीरे-धीरे शुरू हो चुकी है।