कोलकाता, राज्य ब्यूरो। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा प्रधानमंत्री से कोविड मुकाबले के लिए राज्य सरकार को आर्थिक मदद और केंद्रीय फंड देने की अपील पर भाजपा ने कटाक्ष किया है। भाजपा के महासचिव व प्रदेश भाजपा के केंद्रीय प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय ने आरोप लगाया कि ममता सरकार केंद्र सरकार द्वारा दिये गये पैसे का सर्वाधिक दुरुपयोग किया है और चुनाव वर्ष में उन पैसों को तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं में बंदरबाट हुआ है। इतना ही नहीं, केंद्र सरकार ने उत्तर प्रदेश की तुलना में ज्यादा राशि बंगाल सरकार को दी है।

श्री विजयवर्गीय ने कहा कि केंद्र से बंगाल से अधिक राशि मिलने के बावजूद ममता जी इसे स्वीकार नहीं रही हैं। इसके तथ्यात्मक आंकड़ों से केंद्रीय गृह मंत्री जी ने सरकार को अवगत भी कराया है। बंगाल में चक्रवात एम्फन आया था। उसमें प्रधानमंत्री खुद 24 घंटे के अंदर बंगाल गये थे और अग्रिम राशि के रूप में 1000 करोड़ रुपये दिये थे।

उन्होंने आरोप लगाया कि इस राशि का पार्टी के कार्यकर्ताओं में बंदरबाट किया गया और उसका अभी तक राज्य सरकार ने केंद्र सरकार को यूटिलाइजेशन सर्टिफिकेट भी नहीं दिया है और भविष्य में कितने पैसे की जरूरत होगी और कैसे उपयोग होगा। इसकी रिपोर्ट भी नहीं दी है।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने किसानों को 5 किलो अनाज बांटने के लिए दिया था, लेकिन वह भी आज तक नहीं बांटा गया है। उसमें भी हेराफेरी हुई है। उन्होंने कहा कि केंद्र से सहयोग मांगना और चुनाव के दौरान तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पैसे बांटना सही नहीं है। इस मुद्दे को ममता जी पूरी तरह से राजनीतिकरण कर रही हैं। केंद्र सरकार के पैसे का दुरुपयोग कर ही हैं। उन्होंने कहा कि आम जनता के पैसा को कोई मुख्यमंत्री दुरुपयोग करेगा, तो कौन पैसा देगा। पैसे के दुरुपयोग के आरोप में इनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।

मालूम हो कि कोलकाता में अत्याधुनिक कोरोना टेस्टिंग लैब के वर्चुअल उद्घाटन के मौके पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अनुरोध कर राज्य का बकाया जल्द दिलाने का आह्वान किया था। साथ इन अत्याधुनिक टेस्टिंग लैब राज्य सरकार को देने की मांग मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री से की है। 

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस