फ्रांस ने हाल ही में मॉस्को में क्रोएशिया को 4-2 से हराकर दूसरी बार फुटबॉल विश्व कप ख़िताब हासिल किया। फ्रांस 20 साल में तीसरी बार फ़ाइनल में पहुंचा और दूसरी बार खिताब जीतने में सफल रहा। टीम की इस सफलता में डिडिएर डेशचैंप्स की महत्वपूर्ण भूमिका रही और उन्होंने भी इतिहास रचा। फ्रांस की जीत के साथ ही डेशचैंप्स विश्व कप फुटबॉल इतिहास में ऐसे तीसरे शख्स बन गए जिन्होंने खिलाड़ी और मैनेजर के रूप में यह खिताब हासिल किया। 1998 में जब फ्रांस पहली बार विश्व चैंपियन बना तब डेशचैंप्स टीम के कप्तान थे। इसके अलावा श्रीलंकाई स्पिनर मुथैया मुरलीधरन की। 22 जुलाई 2010 को मुरलीधरन ने 800 टेस्ट शिकार के साथ टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कहा था। सर्वाधिक टेस्ट विकेट का उनका रिकॉर्ड अभी भी कायम है और शायद ही कोई इसे तोड़ पाए।